गुप्त नवरात्रा में देवी साधकों ने नौ दिनों तक मां भगवती की विशेष कृपा प्राप्ति की कामना को लेकर पूजन, अनुष्ठान कर हवन में आहुतियां दी। पंडित किराडू के अनुसार गुप्त नवरात्रा के दौरान नौ दिनों तक दुर्गा सप्तशती पाठ, देवी के बीज मंत्रों का जाम, श्रीसूक्त कनकधारा स्त्रोत पाठ, देवी अथर्वशीष के पाठ हुए। देवी साधकों ने नौ दिनों तक मां भगवती का अनुष्ठान किया। रविवार को नवरात्रा की पूर्णाहुति पर वेदोक्त मंत्रोचार के बीच हवन में आहुतियां दी गई । इस दौरान देवी स्वरूप कन्याओं और भैरव स्वरूप बटुकों का पूजन किया और भोजन करवाकर मेहन्दी, ऋतुफल, वस्त्र, उपहार आदि प्रदान कर आर्शीवाद प्राप्त किया।