
चुनावी गर्माहट से पुलिस सतर्क, प्रदेशभर में 'ए प्लस' नाकाबंदी शुरू
बीकानेर. प्रदेश में विधानसभा चुनाव नजदीक आने के साथ ही सियासत गर्माने लगी है। चुनाव तक कानून व्यवस्था नहीं बिगड़े इसे लेकर पुलिस सतर्क हो गई है। खासकर दूसरे राज्यों के अपराधियों और राजनीतिक पहुंच के लोगों के प्रदेश में दखल को रोकने के लिए पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) ने प्रदेशभर में पुलिस चौकसी की नई व्यवस्था प्रभावी की है। इसके तहत प्रत्येक जिला पुलिस अधीक्षक अपने क्षेत्र में रोजाना तीन थानों की हथियारबंद नाकाबंदी (ए प्लस श्रेणी) कर रहे है।
ऐसे हो रही चेकिंग नाकाबंदी के दौरान संदिग्ध वाहनों की चेकिंग की जाएगी। वाहनों के डेसबोर्ड, बोनट, सीट, सीटकवर, टूल बॉक्स, स्टेपनी व मैटिंग के नीचे बारीकी से जांच-पड़ताल की जाएगी। किसी वाहन चालक के पास धारदार हथियार,पिस्तौल, बंदूक, मादक पदार्थ पाए जाने पर सख्त कार्रवाई होगी। संभाग के चारों जिलों में तीन-तीन थानों की नाकाबंदी शुरू की गई है। साथ ही रोजाना थाने भी बदले जाते है।
हथियारबंद जवान
राजमार्गों पर हर जिले के तीन थानों का जाब्ता रहेगा। सीआइ, एएसआइ व हवलदार के नेतृत्व में १० से १५ जवान होंगे। बीकानेर जिले में २६ थाने हैं। हर दिन तीन थाने राजमार्ग पर नाकाबंदी कर रहे हैं। मार्ग पर रहेंगे नाके डीजीपी के ताजा आदेश के बाद पांच दिन से प्रदेश के सातों संभाग के सभी थाने मिलकर राजमार्ग पर नाकाबंदी कर रहे हैं। नाकाबंदी के कारण प्रदेश एवं अन्य राज्यों के अपराधी किसी वारदात को अंजाम देने शहर व गांवों में नहीं आ सकेंगे।
यह होगा जांच का दायरा
- वाहन चालक शराब पीए हुए तो नहीं
- शीशों पर काली फिल्म तो नहीं चढ़ी
- वाहन में आपत्ति जनक सामग्री तो नहीं
- ड्राइविंग लाइसेंस, वाहनों के कागजात
इनका कहना है
डीजी के आदेश से प्रदेशभर में ए प्लस की नाकाबंदी शुरू की गई है। नाकाबंदी की रिपोर्ट हर दिन मुख्यालय को भी भेजी जा रही है। साथ ही यातायात नियमों का पालन नहीं करने वालों को समझाइश भी की जा रही है। नई व्यवस्था में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।
सवाईसिंह गोदारा, पुलिस अधीक्षक
Published on:
19 Jun 2018 09:23 am
