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युवाओं में कम नींद भी बन रही बड़ी परेशानी

ऐसे में उनींदा सा युवा न अपने काम पर ध्यान केंद्रित कर पा रहा है और न ही खुद को फिट रख पा रहा है।
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जयपुर

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Vikas Gupta

•

Jan 26, 2020

युवाओं में कम नींद भी बन रही बड़ी परेशानी

Less sleep in youth is a big problem

आज के युवाओं की आंखों से नींद गायब है। उनकी आंखें बोझिल हैं। इसे काम का प्रेशर माने या फिर आधुनिक जीवनशैली की वजह, पर सच्चाई यही है कि नींद उनकी आंखों से दूर होती जा रही है। ऐसे में उनींदा सा युवा न अपने काम पर ध्यान केंद्रित कर पा रहा है और न ही खुद को फिट रख पा रहा है।

एक अनुमान के मुताबिक भारत में करीब छह करोड़ युवा कम नींद के शिकार हैं। इनमें से ज्यादातर इसके लिए किसी तरह की डॉक्टरी सलाह नहीं लेते। ये शुरुआती लापरवाही गंभीर दिक्कत बन जाती है। अगर ध्यान न दिया जाता तो शरीर कई घातक बीमारियों की चपेट में आ सकता है और यहां तक ये जानलेवा भी हो सकता है।

डॉक्टरों के मुताबिक ज्यादा वक्त तक कम नींद से इंसान डायबिटीज, ब्लडप्रेशर, दिल की बीमारियों या फिर ब्रेन स्ट्रोक जैसी जानलेवा बीमारियों की चपेट में आ सकता है। कम नींद लेने वाली महिलाओं में तो पुरुषों की अपेक्षा इन बीमारियों की चपेट में आने का खतरा दोगुना होता है। खतरा यहां तक बढ़ चुका है कि दुनिया भर में कम नींद की वजह से होने वाली बीमारियों से होने वाली मौतों का आंकड़ा तेजी से बढ़ा है। हालांकि इसका कोई आधिकारिक आंकड़ा नहीं उपलब्ध है।

डिस्क्लेमर
इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ओपिनियन का विकल्प नहीं है। पाठकों को सलाह दी जाती है कि वे कोई भी दवा, उपचार या नुस्खा अपनी मर्जी से ना आजमाएं। इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है।