बॉलीवुड

जब एसिड अटैक के बाद टूट गई थी कंगना की बहन रंगोली की शादी, योग कर सदमे से आई थीं बाहर

आज 'अंतरराष्ट्रीय योग दिवस' है। इस खास मौके पर बॉलीवुड एक्ट्रेस कंगना रनौत ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट साझा किया है। जिसमें उन्होंने बताया कि कैसे एसिड अटैक के बाद उनकी बहन रंगोली सदमे से बाहर आ पाई थी।

2 min read
Kangana Ranaut Shares Rangoli Acid Attack Story

नई दिल्ली। बॉलीवुड एक्ट्रेस कंगना रनौत सोशल फिल्मों के साथ-साथ सोशल मीडिया पर भी काफी एक्टिव रही हैं। अक्सर कंगना हर मुद्दे पर बोलती हैं और बिंदास होकर लिखती हैं। वहीं अपने परिवार से जुड़ी कई बातें भी वो सोशल मीडिया पर शेयर करती हैं। आज अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर कंगना ने अपने परिवार की कुछ तस्वीरें स्टोरीज पर पोस्ट की हैं। जिसमें उनके माता-पिता, भाई अक्षत और भाभी ऋतु बहन रंगोली नज़र आ रहे हैं। इसी के साथ कंगना ने अपनी बहन रंगोली चंदेल को लेकर एक स्टोरी अपने फैंस संग साझा की है।

कंगना की बहन रंगोली पर हुआ एसिड अटैक

कंगना ने अपने ऑफिशियल इंस्टाग्राम पर बहन रंगोली को लेकर लिखा कि-'रंगोली की योग की कहानी काफी प्रेरित कर देने वाली है। कंगना ने बताया कि एक सिरफिरे आशिक ने रंगोली के चेहरे पर एसिड फेंक दिया था। उस वक्त वो महज 21 साल की थीं और थर्ड डिग्री बर्न था। रंगोली का आधा चेहरा झुलस गया था। एसिड की वजह से एक आंख की रोशनी तक चली गई थी। वहीं एक कान पिघल गया था। एसिड की वजह से ब्रेस्ट भी क्षतिग्रस्त हो गए थे। एसिड अटैक के बाद रंगोली की दो से तीन साल में करीबन 53 सर्जरी हुई। लेकिन वो भी काफी नहीं हो पाया।'

मानसिक स्वास्थ की सता रही थी चिंता

कंगना आगे बताती हैं कि 'उन्हें सबसे ज्यादा चिंता रंगोली की मानसिक स्वास्थ की थी। इस हादसे की वजह से रंगोली ने बोलना छोड़ दिया था। घर में कुछ भी होता रंगोली खामोश रहती। बस चीज़ों को देखती रहती थी। कंगना बताती हैं कि रंगोली एक एयरफोर्स ऑफिसर के साथ सगाई हो गई थी। एसिड अटैक के बाद जब उसने रंगोली का जला हुई चेहरा देखा तो वह कभी वापस लौटकर नहीं आया। इस बात को जानकर भी रंगोली की आंखों से एक आंसू नहीं बहा और ना ही उसके मुंह से कोई शब्द निकला।'

डॉक्टर्स ने बताया सदमे में चली गई रंगोली

कंगना ने आगे लिखती हैं कि जब उन्होंने डॉक्टर्स से बात की तो डॉक्टर्स ने कहा कि 'वो शॉक में चली गई है। जिसके बाद रंगोली को साइकेट्रिस्ट की मदद से थैरेपी दी गई। लेकिन इससे भी वो ठीक नहीं हुई।' कंगना ने बताया कि जब रंगोली के साथ ये हादसा हुआ तो वह महज 19 साल की थीं।

वो अपने टीचर सूर्य नारायण के साथ योगा करती थी। कंगना कहती हैं कि वो नहीं जानती थीं कि इस योगा से जलने और मनोवैज्ञानिक आघात वाले रोगियों को भी रेटिना ट्रांसप्लांट रिकवरी और खोई हुई दृष्टि पाने में मदद कर सकता है।'

योगा कर रंगोली हुई ठीक

कंगना आखिर में लिखती हैं कि 'वो चाहती थी कि रंगोली कैसे भी उनसे बात करें। जिसके बाद वह उन्हें अपने साथ हर जगह ले जाती। कंगना कहती हैं फिर उन्होंने रंगोली को खुद के साथ योगा क्लास में ले जाना शुरू किया। रंगोली ने योगा करना शुरू किया और फिर कंगना ने उनमें कमाल का ट्रांसफॉर्मेशन देखा। कंगना बताती है कि योगा करने के बाद रंगोली हंसने लगी यहां तक उनके बुरे जोक्स पर भी रंगोली हंसती। रंगोली के आंखों की रोशनी वापस आने लगी। योग हर सवाल का जवाब है, क्या आपने अब तक उसे मौका किया?'

Published on:
21 Jun 2021 11:19 am
Also Read
View All

अगली खबर