
कंगना रनौत ने फ्रेंडशिप डे पर किया पोस्ट (Photo Source- kanganaranaut)
Kangana Ranaut Friendship Day Post: बॉलीवुड अभिनेत्री और भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सांसद कंगना रनौत अपने बयानों को लेकर अक्सर सुर्खियों में रहती हैं। हाल ही में दिल्ली में हुए NEET पेपर लीक और CJP आंदोलन को लेकर उन्होंने अपना गुस्सा उतारा था। उन्होंने एक पोस्ट में युवा पीढ़ी को "जनरेशन गटर" कहा था। जिसके बाद उन्हें ट्रोलिंग का सामना करना पड़ा था। इसके बावजूद कंगना अपने बयान से पीछे नहीं हटी थी। वह लगातार CJP प्रवक्ता सौरभ दास पर तंज कस रही थीं। लेकिन अब लगता है कि एक्ट्रेस ने यूटर्न ले लिया है। उन्होंने फ्रेंडशिप डे पर Gen Z को दोस्त कहा है।
कंगना रनौत ने रविवार को अपने सोशल मीडिया पर "Gen-Z दोस्तों" को फ्रेंडशिप डे की बधाई दी और लिखा, "आज जिम में मेरी मुलाकात Gen-Z की दो लड़कियों से हुई जिन्हें मैं जानती हूं। उन्होंने मुझसे पूछा, "कंगना दीदी, हम डिजिटल जमाने में पैदा हुए हैं और हां, सोशल मीडिया, इंस्टाग्राम, डेटिंग ऐप्स, AI वगैरह हमारी जिंदगी का हिस्सा हैं। हममें से ज़्यादातर लोग इनका इस्तेमाल करते हैं और कुछ तो इनके बिना रह भी नहीं सकते। हर कोई अपनी जिंदगी अपनी मर्जी से जीने की आजादी चाहता है।"
कंगना ने आगे लिखा, "मैंने उन उत्सुक युवा लड़कियों से कहा कि हां, आप अपनी जिंदगी अपनी मर्ज़ी से जीने के लिए आजाद हैं, बशर्ते आप दूसरों के बच्चों को पहाड़ से नीचे न फेंकें या उनके कई टुकड़े न कर दें। ऐसे बहुत से मामले सामने आ रहे हैं जहां लिबरल (उदारवादी) और कंज़र्वेटिव (रूढ़िवादी) जीवनशैली के बीच टकराव हो रहा है और बहुत से बच्चे बिना किसी गलती के मारे जा रहे हैं। जो हमारे लिए एक बड़ी चिंता का विषय है। इसलिए वह इस बात से सहमत हुईं कि आज़ादी के साथ ज़िम्मेदारी भी जरूरी है। मेरे Gen-Z दोस्तों को फ्रेंडशिप डे की शुभकामनाएं। शांति और प्यार।"
कंगना का यह नरम रुख उनके उस आक्रामक बयान के महज एक हफ्ते बाद आया है, जिसमें उन्होंने नीट-यूजी (NEET-UG) पेपर लीक के खिलाफ 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के बैनर तले प्रदर्शन कर रहे छात्रों को निशाना बनाया था। उस समय कंगना ने विरोध प्रदर्शनों के वीडियो को "उल्टी लाने वाला" करार दिया था और प्रदर्शनकारी युवाओं द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली भाषा पर सवाल उठाते हुए उन्हें "जनरेशन गटर" कहा था। उन्होंने आरोप लगाया था कि युवा बिना किसी जिम्मेदारी के आजादी की मांग करते हैं और नशा व हिंसा जैसी चीजों को बढ़ावा देते हैं।
अपने पुराने पोस्ट्स में कंगना ने तथाकथित "वेस्टर्नाइज्ड इंडियन औरतों" की भी आलोचना की थी। उनका कहना था कि कुछ लोग बिना जिम्मेदारी उठाए केवल आजादी की मांग करते हैं। इसके अलावा सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले प्रदर्शनकारियों के खिलाफ बोलते हुए उन्होंने न्यूटन के तीसरे नियम का हवाला दिया था और कहा था कि हर एक्शन का बराबर और उल्टा रिएक्शन होता है।
वहीं, अब लोगों का कहना है कि फ्रेंडशिप डे पर कंगना रनौत द्वारा Gen-Z युवाओं को दोस्त बताने और संवाद का रास्ता अपनाने से ऐसा लगता है कि वह पिछले विवाद को पीछे छोड़कर युवा पीढ़ी के साथ सकारात्मक रिश्ता बनाना चाहती हैं।
Updated on:
2 Aug 2026, 2:21 PM IST
Published on:
2 Aug 2026, 2:12 PM IST
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