19 अगस्त 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Bundi : स्कूल पहुंचने से पहले कीचड़ से निकलने की मजबूरी

मायजा ग्राम पंचायत के वार्ड 9 घास भैरव मोहल्ले में एक साल से नालियों की सफाई नहीं होने से मुख्य सीसी सड़क पर गंदा पानी और कीचड़ जमा है। हालात ऐसे है कि सड़क की बजाय नाले जैसा दृश्य नजर आता है। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार शिकायत के बावजूद पंचायत प्रशासन ने कोई कार्रवाई नहीं की। ग्रामीणों ने बताया कि नालियां जाम होने से घरों और ट््यूबवेल का गंदा पानी सीधे सडक़ पर फैल रहा है। इससे स्कूली बच्चो, महिलाओं, बुजुर्गो और राहगीरों को रोजाना कीचड और गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है।
3 min read
Google source verification

बूंदी

image

pankaj joshi

Aug 19, 2026

Bundi : स्कूल पहुंचने से पहले कीचड़ से निकलने की मजबूरी

केशवरायपाटन. मायजा में मुख्य रास्ते में कीचड़ से निकलते छात्र। पत्रिका

केशवरायपाटन. मायजा ग्राम पंचायत के वार्ड 9 घास भैरव मोहल्ले में एक साल से नालियों की सफाई नहीं होने से मुख्य सीसी सड़क पर गंदा पानी और कीचड़ जमा है। हालात ऐसे है कि सड़क की बजाय नाले जैसा दृश्य नजर आता है। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार शिकायत के बावजूद पंचायत प्रशासन ने कोई कार्रवाई नहीं की। ग्रामीणों ने बताया कि नालियां जाम होने से घरों और ट््यूबवेल का गंदा पानी सीधे सडक़ पर फैल रहा है। इससे स्कूली बच्चो, महिलाओं, बुजुर्गो और राहगीरों को रोजाना कीचड और गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है।

कीचड़ में फिसलने से कई बार लोग चोटिल भी हो चुके है। ग्रामीण ओमप्रकाश सैन, प्रकाश योगी, कालूलाल मीणा, मुकटबिहारी सेन, महावीर योगी, जगदीश मीणा, धनराज मीणा, रामेश्वर सेन ने बताया कि ग्राम विकास अधिकारी और सरपंच को कई बार मौखिक शिकायत करने के साथ ज्ञापन भी दिए लेकिन सफाई नहीं करवाई गई। ग्रामीणों ने 8 जुलाई को ग्रामीण सेवा शिविर में भी लिखित में ज्ञापन दिया था। ग्रामीणों का कहना कि बारिश में हालात और भी खराब हो जाते है। उन्होंने प्रशासन से नालियों की तत्काल सफाई करवाकर जलभराव का समाधान करने और लापरवाही बरतने वाले जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की हैं।

कोडक्या बालाजी में बच्चे परेशान

गेण्डोली. करवाला की झोपडिय़ां पंचायत क्षेत्र के कोडक्या बालाजी गांव में बारिश के बाद आम रास्ते की हालत बदतर हो गई है। रास्ते में जगह-जगह कीचड़ और गंदगी जमा होने से ग्रामीणों का आवागमन मुश्किल हो रहा है। इसी रास्ते से स्कूल आने-जाने वाले छात्र-छात्राओं को भी रोजाना कीचड़ के बीच से गुजरना पड़ रहा है। इससे बच्चों के कपड़े खराब होने के साथ ही फिसलकर गिरने और चोटिल होने का खतरा बना हुआ है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव के आम रास्ते पर पानी की निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने से बारिश का पानी रास्ते पर ही जमा हो जाता है।

गंदगी और मिट्टी जमा होने के कारण कुछ ही समय में पूरा मार्ग कीचड़ में बदल जाता है। पैदल राहगीरों के साथ दोपहिया वाहन चालकों को भी निकलने में परेशानी हो रही है। बुजुर्गों, महिलाओं और छोटे बच्चों को रास्ता पार करने में सबसे अधिक दिक्कत उठानी पड़ रही है। ग्रामीण राकेश कहार, अशोक गुर्जर, योगेन्द्र गूर्जर, राजविंदर गुर्जर, हरविंदर सिंह, सोनू गुर्जर, धर्मराज गूर्जर एवं महेंद्र शर्मा ने बताया कि रास्ते की समस्या को लेकर कई बार जनप्रतिनिधियों एवं संबंधित अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। ग्रामीणों का कहना है कि केवल अस्थायी रूप से कीचड़ हटाने से समस्या का समाधान नहीं होगा, बल्कि रास्ते का समतलीकरण कराने के साथ पानी की निकासी की उचित व्यवस्था भी जरूरी है। उन्होंने प्रशासन से तत्काल रास्ते को दुरुस्त करने और स्थायी समाधान की मांग की है।

जाड़ला गांव में मुख्य मार्ग में भरा पानी

बड़ाखेड़ा. पापड़ी पंचायत के जाड़ला गांव में बरसाती पानी की निकासी की व्यवस्था नहीं होने से गांव का मुख्य मार्ग इन दिनों परेशानी का कारण बना हुआ है। बारिश के बाद सडक़ पर पानी और कीचड़ जमा हो जाता है, जिससे स्कूली बच्चों, महिलाओं, राहगीरों और दुपहिया वाहन चालकों को आवागमन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सड़क पर पानी जमा होने से रास्ता दलदल में तब्दील हो गया है। छोटे छोटे स्कूली बच्चे इसी रास्ते से होकर स्कूल जाने को मजबूर हैं। कीचड़ और पानी के कारण कई बार बच्चे फिसलकर गिर जाते हैं।

ग्रामीणों के अनुसार, कुछ बच्चे बरसाती पानी में गिरने के बाद कपड़े गंदे होने और रास्ते की स्थिति खराब होने के कारण स्कूल जाने के बजाय वापस घर लौटने को मजबूर हो जाते हैं। इससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है। दुपहिया वाहन चालकों के लिए भी यह मार्ग जोखिम भरा बना हुआ है। पानी और कीचड़ में वाहन फिसलने से हादसे की आशंका बनी रहती है। ग्रामीण मनीष कुमार बैरवा, रामफूल बैरवा, जुगराज मीणा, शंभुदयाल मीणा, जगनमोहन वर्मा, दिनेश वर्मा, संतोष मीणा और शांति बाई सहित अन्य लोगों ने पंचायत प्रशासन से मांग की है कि मुख्य मार्ग पर जलभराव की समस्या का शीघ्र समाधान कराया जाए।