
BOARD EXAM (Photo Source - Patrika)
MP News: नए साल के दूसरे महीने में ही परीक्षा की घड़ी शुरू हो रही है। यानी 7 फरवरी से बोर्ड की परीक्षा होने जा रही है। इसकी तैयारी अब स्कूलों में दिखने लगी है। सभी स्कूलों में 10वीं और 12वीं की अतिरिक्त कक्षाएं लगाने के निर्देश जारी किए गए हैं। यहां तक यह भी आदेश है कि जिन स्कूलों का रिजल्ट 30 फीसदी से कम आएगा उनकी वेतनवृद्धि तक रोकी जाएगी।
आदेश के बाद अब स्कूलों में पढ़ाई का दौर चल रहा है। 10वीं और 12वीं बोर्ड का परीक्षा परिणाम बिगड़ेगा तो इसकी गाज संबंधित स्कूल के शिक्षकों पर गिरेगा। इसलिए अभी से बच्चों की पढ़ाई में कसावट लाने के लिए रोज अतिरित कक्षाएं लगाने के आदेश दिए हैं। 10.30 बजे स्कूल लगती है, इसलिए एक घंटा पहले 9.30 बजे से अतिरित कक्षा के निर्देश हैं। पढ़ाई के लिए बच्चों को और स्कूल के शिक्षकों को समय पर पहुंचना है।
दरअसल अतिरिअत कक्षाओं की पहल विशेष रूप से कमजोर छात्रों के परिणामों में सुधार लाने पर केंद्रित है। ताकि बोर्ड परीक्षाओं में विद्यार्थियों का प्रदर्शन सुधारना और कमजोर विषयों पर अतिरिअत ध्यान केंद्रित करना। सभी स्कूलों के प्राचार्यों और शिक्षकों को यह सुनिश्चित करने का दायित्व दिया गया है कि वे अतिरिअत कक्षाएं लगाकर पाठ्यक्रम समय पर पूरा करें और छात्रों को परीक्षा के लिए तैयार करें।
कक्षा 12वीं की परीक्षा 7 फरवरी से शुरू हो रही है। पहला पेपर ङ्क्षहदी का होगा। दूसरा पर्चा 9 को उर्दू, मराठी, 10 को अंग्रेजी, 13 को भौतिक शास्त्र, अर्थशास्त्र, एनिमल हस्बेंड्री, विज्ञान के तत्व, भारतीय कला का इतिहास ऐसे 17 फरवरी तक परीक्षा चलेंगे। कक्षा 10वीं बोर्ड परीक्षा 11 फरवरी से ङ्क्षहदी के पर्चे के साथ होगी। 2 मार्च तक ये परीक्षाएं चलेगी।
6 जनवरी से प्री बोर्ड परीक्षाएं भी शुरू हो रही है। इसमें पता चल जाएगा शिक्षकों ने कितनी मेहतन की और बच्चों ने कितना पढ़ाई में ध्यान लगाया। प्री.बोर्ड परीक्षा छात्रों को वास्तविक परीक्षा का अनुभव देने, उनकी कमजोरियों की पहचान करने और समय प्रबंधन सिखाने के लिए प्री.बोर्ड परीक्षाओं को अनिवार्य किया गया है।
Updated on:
18 Dec 2025 05:33 pm
Published on:
18 Dec 2025 05:33 pm
