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विद्यार्थियों के मन से बोर्ड परीक्षा की घबराहट दूर कर तैयार करे आइएमपी प्रश्न

- सुभाष स्कूल में प्राचार्य,जन शिक्षकों की बैठक
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 Prepare IMP questions by removing the nervousness of students from the board examination

Prepare IMP questions by removing the nervousness of students from the board examination

विद्यार्थियों के मन से बोर्ड परीक्षा की घबराहट दूर कर तैयार करे आइएमपी प्रश्न,
- सुभाष स्कूल में प्राचार्य,जन शिक्षकों की बैठक

बुरहानपुर. बोर्ड परीक्षा के पहले विद्यार्थियों के मन से घबराहट को दूर करने एवं शालास्तर पर आइएमपी प्रश्न तैयार कर उत्तर लिखाने कि योजना तैयार करने के लिए रविवार को शासकीय सुभाष उत्कृष्ट विद्यालय में शाला प्राचार्यों और जन शिक्षकों की बैठक हुई। अर्धवार्षिक और प्री बोर्ड परीक्षा परिणाम पर चर्चा की गई।
एपीसी उमाकांत भिरुड़ ने कहा आगामी दिनों में होने वाली कक्षा १०वीं,१२वीं एवं ५वीं और ८वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षाओं के बेहतर रिजल्ट तैयार करने के लिए शाला प्राचार्य और जन शिक्षकों की बैठक हुई। जिन विद्यालयों की वार्षिक कार्य योजना के अनुसार वर्तमान में कोर्स अधूरा हैं उन्हे अनिवार्य रूप से कोर्स पूरा कराने के निर्देश दिए। बोर्ड परीक्षा के लिए अब कुछ ही समय अब रह गया है, जिसमें परीक्षा परिणाम को बेहतर करने के उद्देश्य से कमजोर बच्चों के लिए अतिरिक्तकक्षाएं लगाने के साथ ही शाला स्तर पर आइएमपी प्रश्न पत्र तैयार करे।इस बार कोशिश करें कि वार्षिक परीक्षा में प्रत्येक स्कूल का परीक्षा परिणाम शत.प्रतिशत हो। शत.प्रतिशत परिणाम आएगा तभी पता चलता है कि शिक्षकों ने वर्षभर विद्यार्थियों को क्या और कैसे पढ़ाया है। इस वर्ष परीक्षा परिणामों में सुधार नहीं हुआ तो शासन की ओर से प्राचार्यों और शिक्षकों पर कार्रवाई भी होगी।
स्कूलों में विद्यार्थियों को रिवीजन करवाएं
शालाओं में बोर्ड परीक्षा के पहले सभी स्कूलों में कोर्स पूरा करवाकर विद्यार्थियों को रिवीजन करवाएं, ताकि परीक्षा में उन्हें आसानी हो सके।त्रैमासिक और अद्र्धवार्षिक के परीक्षा परिणाम के आधार पर विद्यार्थियों का ग्रेड तैयार करे। अच्छा पढऩे वालें विद्यार्थियों को अच्छे परीक्षा परिणाम के लिए कोशिश करे। जबकि कमजोर विद्यार्थियों को उत्तीर्ण कराने के लिए कमजोर विषयों पर मेहनत करना है।इस बार कक्षा ५वीं और ८वीं की बोर्डपरीक्षा होने पर प्राथमिक और माध्यमिक शालाओं के शिक्षकों को विषयों के आधार पर प्रश्नों को तैयार करने के निर्देश दिए गए ।