नितिन गडकरी ने माना, पेट्रोल-डीजल की कीमतों से लोग हो रहे हैं परेशान, दिया यह समाधान

केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने माना है कि लोगों को पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों के कारण कई प्रकार की परेशानियां हो रही हैं।

By: Shaitan Prajapat

Published: 12 Jul 2021, 01:05 PM IST

नई दिल्ली। महामारी कोरोना वायरस के कारण लगे लॉकडाउन की वजह से काम धंधे चोपट हो गए। लॉकडाउन के कारण महंगाई भी बहुत ज्यादा बढ़ गई है। वहीं दूसरी और पेट्रोल- डीजल की कीमतें भी लगातार बढ़ती जा रही है। आम आदमी महंगाई के बोझ के तले दबता ही जा रहा है। केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने माना है कि लोगों को पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों के कारण कई प्रकार की परेशानियां हो रही हैं। उन्होंने कहा कि बढ़ती कीमतों के चलते अब लोगों को दूसरे ईंधन का इस्तेमाल करना चाहिए।

 

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वैकल्पिक ईंधन के इस्तेमाल से मिलेगी राहत
केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने नागपुर में एक एलएनजी फिलिंग स्टेशन का उद्घाटन करते हुए कहा कि एलएनजी, सीएनजी और इथेनॉल जैसे वैकल्पिक ईंधन के ज्यादा इस्तेमाल से पेट्रोल की कीमतों में बढ़ोतरी से राहत मिलेगी। पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों को लेकर लोगों में गुस्सा भी बढ़ रहा है। जिसकी वजह से लोग परेशान हैं और आंदोलन कर रहे हैं।

11 लाख रुपए होगी बचत
नितिन गडकरी ने कहा कि वाहन ईंधन के रूप में इथेनॉल का उपयोग पेट्रोल की तुलना में 20 रुपए प्रति लीटर बचाने में मदद करेगा। एलएनजी के आर्थिक लाभ पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि आंकड़ों से पता चलता है कि एक पारंपरिक ट्रक इंजन को एलएनजी इंजन में बदलने की औसत लागत 10 लाख रुपए है। ट्रक एक साल में करीब 98,000 किमी चलते हैं। इस प्रकार से एलएनजी में बदलने के बाद 9-10 महीनों में प्रति वाहन 11 लाख रुपए की बचत होगी।

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इकॉनमी पर बढ़ रहा है बोझ
ईंधन की बढ़ती कीमतों पर चिंता जताते हुए नितिन गडकरी ने कहा कि देश पर विदेश से पेट्रोल और डीजल खरीदने से बोझ खासा बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि हम लोग 8 लाख करोड़ रुपये का पेट्रोल और डीजल बाहर से खरीद रहे हैं। इससे हमारी इकॉनमी पर काफी ज्यादा बोझ बढ़ रहा है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि एक राष्ट्रवादी होने के नाते मैं चाहता हूं कि हमारा आयात कम होना चाहिए और निर्यात बढ़ना चाहिए।

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