
SWP से रेगुलर इनकम पा सकते हैं। (PC: AI)
Retirement Income: बुढ़ापा अगर बिना पैसों के आए तो जिंदगी बोझ लगने लगती है। लेकिन अगर जेब में हर महीने तय रकम आती रहे, तो वही बुढ़ापा सुकून भरा हो जाता है। आज के समय में नौकरी के साथ-साथ रिटायरमेंट की प्लानिंग करना कोई विकल्प नहीं, बल्कि मजबूरी बन चुका है। आज हर दूसरा व्यक्ति चाहता है कि रिटायरमेंट के बाद कम से कम 1 लाख रुपये महीना हाथ में आए। अब सवाल ये है कि इसके लिए कितना पैसा जमा करना होगा और कैसे?
बहुत से लोग SIP के बारे में जानते हैं, लेकिन कम लोग जानते हैं कि SWP यानी Systematic Withdrawal Plan भी उतना ही काम का है। फर्क बस इतना है कि SIP में पैसा डालते हैं और SWP में पैसा निकालते हैं। इसमें आप अपने जमा किए गए फंड से हर महीने एक तय रकम निकालते हैं, जबकि बाकी पैसा निवेश में लगा रहता है और बढ़ता भी रहता है। यानी आपको एकमुश्त निवेश करना होगा और फिर आपको हर महीने इनकम मिलती रहेगी।
अगर आप चाहते हैं कि हर महीने आपको 1 लाख रुपये मिलें, तो करीब 1 करोड़ रुपये का फंड होना जरूरी है। अगर आप एक करोड़ रुपये SWP में डालते हैं, तो 12 फीसदी औसत सालाना रिटर्न के हिसाब से आप 38 साल तक 1 लाख रुपये महीना इनकम पा सकते हैं। इन 38 वर्षों के दौरान आप कुल 4,56,00,000 रुपये की निकासी कर चुके होंगे। इसके बाद भी 7,55,707 रुपये बच जाएंगे। यानी आपको अपने निवेश पर कुल 3,63,55,707 रुपये का मुनाफा होगा।
अब बड़ा सवाल यह है कि एक करोड़ रुपये कहां से लाएं। अगर जल्दी शुरुआत कर दी जाए, तो SIP के जरिए यह लक्ष्य हासिल करना मुश्किल नहीं है। आप हर महीने 5,000 रुपये बचाकर एसआईपी में डाल सकते हैं। आप 30 साल तक ऐसा करें। 12 फीसदी सालाना औसत रिटर्न के हिसाब से मैच्योरिटी पर आपके पास 1.76 करोड़ रुपये होंगे। इसमें 18 लाख रुपये आपकी निवेश राशि होगी।
| विवरण | आंकड़े |
|---|---|
| कुल निवेश (Corpus) | ₹1,00,00,000 |
| अनुमानित सालाना रिटर्न | 12% |
| मासिक निकासी (SWP) | ₹1,00,000 |
| कुल अवधि | 38 वर्ष |
| 38 वर्षों में कुल निकासी | ₹4,56,00,000 |
| कुल मुनाफा | ₹3,63,55,707 |
| अंत में बची राशि | ₹7,55,707 |
| विवरण | आंकड़े |
|---|---|
| मासिक निवेश (SIP) | ₹5,000 |
| निवेश अवधि | 30 वर्ष |
| कुल निवेश राशि | ₹18,00,000 |
| अनुमानित सालाना रिटर्न | 12% |
| मैच्योरिटी पर कुल राशि | ₹1,76,49,568 |
आज का 1 लाख, आने वाले 20-30 साल बाद उतना ताकतवर नहीं रहेगा। महंगाई धीरे-धीरे आपकी कमाई की असली कीमत कम कर देती है। इसलिए सिर्फ रकम नहीं, उसकी भविष्य की वैल्यू भी समझनी जरूरी है। आप अपना फाइनेंशियल गोल सेट करते समय महंगाई को कैलकुलेट करना न भूलें।
(डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल सिर्फ जानकारी मात्र है। यह निवेश की सलाह नहीं है। शेयर मार्केट में निवेश जोखिमभरा होता है। कहीं भी पैसा लगाने से पहले अपने निवेश सलाहकार से परामर्श लें।)
Published on:
29 Apr 2026 01:47 pm
