
Sagar Division Commissioner Suspends Janpad CEO (फोटो- Patrika.com)
MP news: मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार और अनुशासनहीनता करने वाले एक और अधिकारी पर प्रशासन द्वारा कार्रवाई की गई। छतरपुर जिले की जनपद पंचायत बिजावर में प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। सागर संभाग कमिश्नर अनिल सुचारी (Sagar Divisional Commissioner Anil Suchari) ने बिजावर जनपद की मुख्य कार्यपालन अधिकारी अंजना नागर (Bijawar Janpad CEO Anjali Nagar) को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई छतरपुर कलेक्टर पार्थ जैसवाल द्वारा भेजी गई रिपोर्ट और गंभीर आरोपों के आधार पर की गई है। कलेक्टर की जांच रिपोर्ट में नागर के विरुद्ध कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं।
फर्जी भुगतान: ग्राम पंचायत अनगौर में नंदन फलोद्यान के कार्यों में बिना काम कराए ही नियम विरुद्ध तरीके से राशि का भुगतान कर दिया गया।
कर्तव्य में लापरवाही: सीईओ नागर नियमित रूप से मुख्यालय पर उपस्थित नहीं रहती थीं। सरकारी वाहन की लॉगबुक, पीओएल और टूर डायरी का रिकॉर्ड भी संधारित नहीं पाया गया।
शासकीय निर्देशों का उल्लंघन: ग्राम रोजगार सहायकों को मानदेय का भुगतान न करना और बिना किसी सक्षम आदेश के उन्हें जनपद पंचायत में संबद्ध करना।
नियम विरुद्ध नियुक्तियां: सेवानिवृत्त कर्मचारियों और लंबे समय से अनाधिकृत रूप से अनुपस्थित रहे एक सहायक ग्रेड-3 कर्मचारी को नियम विरुद्ध तरीके से ज्वाइन कराना।
जांच में असहयोग: लोकायुक्त कार्यालय भोपाल में पेशी के दौरान अनुपस्थित रहना और कलेक्टर द्वारा जारी कारण बताओ नोटिस का जवाब न देना उनकी अनुशासनहीनता को दर्शाता है।
संभाग कमिश्नर द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि अंजना नागर का कृत्य मधप्प्रदेश सिविल सेवा आचरण नियम 1965 का उल्लंघन है। उनके द्वारा अपने पदीय दायित्वों के निर्वहन में बरती गई स्वेच्छाचारिता और लापरवाही को देखते हुए उन्हें सिविल सेवा (वर्गीकरण नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के तहत निलंबित किया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय जिला पंचायत कार्यालय छतरपुर नियत किया गया है।
Published on:
29 Apr 2026 05:10 pm
बड़ी खबरें
View Allछतरपुर
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
