
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा (फोटो- CM एक्स हैंडल)
राजस्थान सरकार ने रावतभाटा के सुखपुरा गांव में पहाड़ी पर पानी एकत्र कर बिजली उत्पादन के 2560 मेगावाट के पम्प स्टोरेज प्रोजेक्ट को मंजूरी दे दी है। ग्रीनको सुखपुरा में यह प्रोजेक्ट लगाएगी। कम्पनी का रजिस्ट्रेशन किया है। रावतभाटा राजस्थान परमाणु बिजलीघर, पनबिजली घर से बिजली उत्पादन के बाद पम्प स्टोरेज प्रोजेक्ट से बिजली बनने के बाद बिजली उत्पादन का सबसे बड़ा हब बन जाएगा। अक्षय ऊर्जा निगम के प्रस्ताव पर जल संसाधन विभाग ने पानी आवंटन के लिए सैद्धांतिक सहमति भी दी है।
पम्प स्टोरेज प्रोजेक्ट के लिए टाकरदा माला देवी सिंचाई परियोजना और ब्राह्मनी नदी से पानी लेगी। इसके लिए तालाब बनाया जाएगा। भैंसरोडगढ़ पंचायत समिति की धांगडमऊ ग्राम पंचायत के नाहरगढ़, गोरकिया, लक्ष्मीखेड़ा और सुखपुरा गांव इस योजना में शामिल किए है। सुखपुरा में प्रस्तावित 2560 मेगावाट पम्प स्टोरेज प्रोजेक्ट में 857 हैक्टेयर भूमि उपयोग में आएगी। इसमें से 735 हैक्टेयर भूमि वन विभाग की है। प्रोजेक्ट के लिए जंगल घटेगा और हजारों पेड़ कटेंगे।
हाल ही में राजस्थान सरकार ने पहाड़ी पर पानी एकत्र करके बिजली उत्पादन करने के 8720 मेगावाट के 8 पम्प स्टोरेज प्रोजेक्ट को मंजूरी दी थी। इनमें तीन केन्द्र सरकार के उपक्रम एनएचपीसी, टीएचपीसी, एसजेवीएन के 3960 मेगावाट प्रोजेक्ट के लिए जमीन आवंटित की है। वहीं, निजी कंपनियों में ग्रीनको, जवाई एनर्जी, अवाडा एक्वा के 4760 मेगावाट क्षमता के प्रोजेक्ट के लिए रजिस्ट्रेशन कर लिया है। इनमें से ज्यादातर साइट बड़े बांध के पास है।
Updated on:
01 Jun 2025 09:07 am
Published on:
01 Jun 2025 09:07 am
