
चित्तौड़गढ़ पुलिस अधीक्षक कार्यालय, पत्रिका फोटो
Drug Trafficker Arrest: चित्तौड़गढ़ पुलिस की एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स ने 7 साल से फरार 25 हजार रुपए के इनामी तस्कर रमेश बंजारा को मध्य प्रदेश सीमा से गिरफ्तार किया है। आरोपी फलोदी जिले में दर्ज एक मामले में वांछित था। महानिरीक्षक पुलिस विकास कुमार ने बताया कि नीमच मप्र. निवासी रमेश पढ़ा-लिखा नहीं है लेकिन उसने बेहद शातिर नेटवर्क खड़ा कर रखा था। वह राजस्थान और गुजरात में बाइक पर कंबल बेचने की आड़ में डोडा-चूरा की तस्करी करता था। आरोपी को गिरफ्तारी से बचाने में उसकी पत्नी का भी सहयोग सामने आया है।
नशा तस्कर रमेश का चेहरा अपने भाई बहादुर से मिलता-जुलता था। जब भी पुलिस उसे पकड़ने जाती वह चालाकी से अपने भाई का पहचान पत्र दिखाकर खुद को बहादुर बताता और बच निकलता था। आरोपी शातिराना ढंग से दो बार पुलिस को भी गच्चा दे चुका था। पुलिस के पास आरोपी की पुख्ता फोटो नहीं होने का फायदा इनामी डोडा-चूरा तस्कर उठाता रहा। आरोपी की पत्नी ने अपने पति को घर के आसपास रहने वालों को जेठ बता रखा था।
एएनटीएफ ने जाल बिछाकर सबसे पहलीे दोनों भाइयों की पहचान पुख्ता की। चित्तौडगढ़ एएनटीएफ टीम को सूचना मिली कि रमेश ससुराल गुंदारेत में मृत्युभोज में आया है। वहां से लौटते समय मप्र की सीमा में टीम ने उसे घेरा। इस दौरान बाइक पर पीछे बैठी उसकी पत्नी उसे जेठ बताती रही लेकिन पुलिस थाने लाकर कड़ाई से पूछताछ में आरोपी की पोल खुल गई। पुलस टीम की इस कामयाबी पर महानिरीक्षक ने टीम को सम्मानित करने की घोषणा की है।
आरोपी रमेश गुजरात में बाइक पर कंबल बेचने की आड़ में नशे की तस्करी का नेटवर्क संचालित कर रहा था। आरोपी बेहद शातिर है जिसके चलते उसके नशे की तस्करी की भनक गुजरात पुलिस को नहीं लगी। हालांकि राजस्थान पुलिस ने स्टैंडिंग वारंट जारी होने पर आरोपी की तलाश में कई जगह दबिश दी लेकिन पुलिस को सफलता नहीं मिली। आखिरकार पुलिस ने अपने मुखबिरों से सूचना एकत्र की तब जाकर आरोपी की सटीक लोकेशन का पता चला। पुलिस आज आरोपी को कोर्ट में पेश करेगी।
Updated on:
23 Jun 2026 12:27 pm
Published on:
23 Jun 2026 12:27 pm
