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23 किसानों के एक ही मोबाइल नंबर, संदेह के घेरे में ऑनलाइन सूची

सुजानगढ़. राज्य सरकार की ओर से शुरू की गई समर्थन मूल्य पर मंूग व मूंगफली की खरीद में बिचौलिये दलालों की सक्रियता से किसान परेशान हैं। वहीं खरीद केंद्र के अधिकारी भी असमंजस में हैं। गौरतलब है कि पहले दिन मूंग बेचने के लिए पंजीकृत 10 में से तीन ही किसान पहुंचे। वहीं दूसरे दिन सोमवार को पंजीकृत 50 में से मात्र दो ही किसान पहुंचे। खरीद केंद्र सुजानगढ़ क्रय-विक्रय सहकारी समिति के चेयरमैन हीरालाल गोदारा ने खुलासा किया कि किसानों की ओट में दलालनुमा व्यापारी सक्रिय हैं।
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23 किसानों के एक ही मोबाइल नंबर, संदेह के घेरे में ऑनलाइन सूची

सुजानगढ़. राज्य सरकार की ओर से शुरू की गई समर्थन मूल्य पर मंूग व मूंगफली की खरीद में बिचौलिये दलालों की सक्रियता से किसान परेशान हैं। वहीं खरीद केंद्र के अधिकारी भी असमंजस में हैं। गौरतलब है कि पहले दिन मूंग बेचने के लिए पंजीकृत 10 में से तीन ही किसान पहुंचे। वहीं दूसरे दिन सोमवार को पंजीकृत 50 में से मात्र दो ही किसान पहुंचे। खरीद केंद्र सुजानगढ़ क्रय-विक्रय सहकारी समिति के चेयरमैन हीरालाल गोदारा ने खुलासा किया कि किसानों की ओट में दलालनुमा व्यापारी सक्रिय हैं। जिन्होंने ऑन लाईन पंजीयन शुरू होते ही बिना गिरदावरी ही तिकड़मबाजी से पंजीयन करवा लिया। जबकि क्षेत्र के पूर्व व दक्षिण दिशा के गांवों में मूंग की उपज देरी से निकाले जाने से इन क्षेत्रों के किसान पंजीयन ही नहीं करवा सके।

ऐसे संदेहास्पद है पंजीयन
सोमवार को जिन 50 किसानों की सूची जारी की गई उनमें से 23 किसानों के मोबाइल नंबर एक ही होने से सूची संदेह के दायरे में आ गई है। इससे ऐसा प्रतीत हो रहा है कि एक ही ग्रामीण व्यापारी ने अलग-अलग जमाबंदियां लेकर पंजीयन कराया है। ऐसा माना जा रहा है कि वास्तविक किसान से मूंग की फसल समर्थन मूल्य से 1500 से 2000 रुपए प्रति क्ंिवटल कम में ही खरीद ली गईहै। पांच नवंबर से शुरू हुई मूंग खरीद में अब तक तीन किसानों से 113 बोरी ही खरीद हो पाई है।

फर्जीवाड़े की है आंशका

गत वर्ष भी मूंग-मूंगफली की समर्थन मूल्य पर खरीद हुई थी। 8 65 किसानों से मूंग व 2727 किसानों से मूंगफली की खरीद हुई थी। मगर इस वर्ष ऑनलाइन पंजीयन करीब 11 हजार किसान करा चुके हंै। इससे पंजीयन में फर्जीवाड़े की आंशका मानी जा
रही है।

मंडी में नहीं लगे सीसीटीवी कैमरे
गत वर्ष खरीद शुरू होने से पहले कृषि उपजमंडी समिति परिसर के विभिन्न भागों में 24 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे। इससे सारा कार्य व्यवस्थित व शांति से पूरा हुआ। मगर इस वर्ष सीसीटीवी कैमरे अभी तक नहीं लगे हंै। सीसीटीवी कैमरे व उनका तार खरीद केंद्र के एक कोने में पड़ा है। अभी किसानों की ओर से पर्याप्त उपज नहीं लाए जाने के कारण एक ही कांटा काम कर रहा है। जबकि छह कांटे एक कोने में बेकार पड़े हैं पंजीकृत किसान कम इसलिए आ रहे हैं क्योंकि वे पांच दिनों में कभी भी उपज ला सकते हैं। कैमरे जल्द ही लग जाएंगे।
सुनील मांडिया, मुख्य व्यवस्थापक, खरीद केंद्र सुजानगढ़ क्रय-विक्रय सहकारी समिति, सुजानगढ़

टोकन की हो जांच
अखिल भारतीय किसान सभा ने सोमवार को एसडीएम सविना विश्नोईको ज्ञापन सौंपकर फर्जी किसान बनकर समर्थन मूल्य पर मूंग बेचने वाले दलालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इससे पहले सभा के पदाधिकारियों ने एसडीएम कार्यालय के बाहर नारेबाजी भी की। ज्ञापन में लिखा कि दलालनुमा कुछ लोगों ने पटवारियों से मिलीभगत कर छोटे-छोटे किसानों की मूंग की उपज होना बताया है। जबकि हकीकत में इस क्षेत्र में मूंग का उत्पादन नहीं हुआ है। झूठी गिरदावरी रिपोर्ट लेकर दलालों ने 20 से 40 टोकन ऑनलाईन प्राप्त कर लिए है। ज्ञापन देने वालों में सभा के लालाराम बिजारणिया, जयराम, ओम प्रकाश, हड़मानाराम, सीताराम, सहीराम व जगदीश आदि शामिल थे।