28 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अब सिर्फ धोनी ही इस्तेमाल कर सकेंगे कैप्टन कूल का टैग? 7 जुलाई को बर्थडे से पहले धोनी ने कर दिया ये काम

एमएस धोनी की कप्तानी में भारत ने 2007 टी20 विश्व कप, 2011 वनडे विश्व कप और 2013 चैंपियंस ट्रॉफी जीता था। हाल ही में उन्हें आईसीसी क्रिकेट हॉल ऑफ फेम में भी शामिल किया गया।

2 min read
Google source verification
MS Dhoni

MS Dhoni: पूर्व भारतीय कप्तान महेंद्र सिंह धोनी (MS Dhoni) एक बार फिर चर्चा में है। इस बार वह क्रिकेट मैदान पर चौके-छक्के लगाने की वजह से नहीं, बल्कि फैंस की ओर से दिए गए मशहूर उपनाम ‘कैप्टन कूल’ को ट्रेडमार्क कराने के लिए आवेदन को लेकर सुर्खियों है। दरअसल, यदि धोनी को इसके ट्रेडमार्क राइट्स मिल जाते हैं तो 'कैप्टन कूल' शब्द का उपयोग किसी अन्य व्यक्ति या संस्था की ओर से व्यावसायिक रूप से नहीं किया जा सकेगा। धोनी का इस नाम पर एकमात्र अधिकार सुनिश्चित होगा।

यह भी पढ़ें- ENG vs IND: इंग्लैंड ने दूसरे टेस्ट के लिए ऐलान की अपनी प्लेइंग 11, जोफ्रा आर्चर को नहीं किया शामिल

अपने शांत स्वभाव और दबाव में बेहतरीन निर्णय लेने की क्षमता के लिए पहचाने जाने वाले धोनी ने 5 जून 2025 को ‘कैप्टन कूल’ नाम को ट्रेडमार्क कराने के लिए आवेदन किया था। इसे ट्रेडमार्क रजिस्ट्री पोर्टल ने स्वीकार कर लिया है। यह आवेदन 16 जून 2025 को आधिकारिक ट्रेडमार्क जर्नल में प्रकाशित हुआ। अब यह चार महीने की आपत्ति अवधि (अक्टूबर 2025 तक) के लिए खुली हुई है। इस कदम ने उनकी व्यावसायिक समझ और उनके ब्रांड मूल्य को एक बार फिर सुर्खियों में ला दिया है।

43 वर्षीय पूर्व भारतीय कप्तान एमएस धोनी ने यह ट्रेडमार्क क्लास 41 के तहत रजिस्टर कराया है, जोकि खेल प्रशिक्षण, खेल प्रशिक्षण सुविधाएं और कोचिंग सेवाओं से संबंधित है। एमएस धोनी की वकील मानसी अग्रवाल ने बताया कि यह ट्रेडमार्क धोनी की पहचान का हिस्सा बन चुके इस उपनाम को कानूनी सुरक्षा प्रदान करता है, जिसे प्रशंसक और मीडिया वर्षों से उनके शांत नेतृत्व की शैली के लिए उपयोग करते हैं।

यह भी पढ़ें- बर्मिंघम में उतरने से पहले टीम इंडिया की बढ़ी टेंशन, जानें क्यों उड़ी गिल एंड कंपनी की नींद!

एमएस धोनी की कप्तानी में भारत ने 2007 टी20 विश्व कप, 2011 वनडे विश्व कप और 2013 चैंपियंस ट्रॉफी जीता था। हाल ही में उन्हें आईसीसी क्रिकेट हॉल ऑफ फेम में भी शामिल किया गया, जो उनकी 16 साल की शानदार करियर उपलब्धियों को दर्शाता है।