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शहीद के पिता बोले- सता रही है देश की चिंता, अब तीसरा बेटा भी देश की सेवा में भेज रहा हूं

शहीद घनश्याम गुर्जर के पिता रामकिशन गुर्जर ने बताया कि एक बेटा वर्तमान में सीआरपीएफ में तैनात है...
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दौसा

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Dinesh Saini

Feb 19, 2019

rajasthan martyr

- राजकुमार


दौसा। दौसा जिले के खवारावजी निवासी घनश्याम गुर्जर 14 अक्टूबर 2016 को जम्मू कश्मीर के जकूरा में आतंकी मुठभेड़ में शहीद हो गए थे। सरकार ने उनके शहीद होने पर कई घोषणा भी की थी जिनमें से दो साल बाद भी कई मांगे तो अभी तक पूरी ही नहीं हुई है। बावजूद इसके शहीद के पिता रामकिशन गुर्जर ने कहा कि मांग तो पूरी हो जायेगी, लेकिन उनको इस वक्त देश की चिंता सता रही है। देश नाजुक दौर से गुजर रहा है। सरकार को आतंकवाद के खात्मे के लिए कुछ करना चाहिए। देश के जवान शहीद हो रहे हैं, लेकिन सरकार कोई ठोस कदम नहीं उठा रही है।

शहीद होने पर गर्व
उन्होंने बताया कि अपने बेटे घनश्याम के देश के लिए शहीद होने पर गर्व है। उनका एक बेटा शहीद हो गया। दूसरा बेटा सीआरपीएफ में देश की सेवा कर रहा है। तीसरा बेटा अब कुछ ही दिनों में एसएसबी में देश की सेवा में जाने वाला है।

उल्लेखनीय है कि शहीद घनश्याम गुर्जर के पिता रामकिशन गुर्जर ने बताया कि एक बेटा वर्तमान में सीआरपीएफ में तैनात है और तीसरे बेटे रामेश्वर का एसएसबी में चयन हो गया है।

वहीं इधर... राजस्थान के सपूत श्योराम को नम आंखों से दी अंतिम विदाई
जम्मू-कश्मीर के पिंगलीना इलाके में आतंकवादियों से हुई मुठभेड़ में शहीद हुए राजस्थान के सपूत हवलदार श्योराम को नम आंखों से अंतिम विदाई दे दी गई। 'श्योदान अमर रहे', 'पाकिस्तान मर्दाबाद' और 'भारत माता की जय' के जोशीले नारों के बीच शहीद का अंतिम संस्कार कर दिया गया। राज्य के सैनिक कल्याण विभाग मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने शहीद को श्रद्धांजलि अर्पित की। श्योराम के एक बेटा है, पत्नी गर्भवती है। उनका एक और भाई भी सेना में हैं, उनकी हिसार में तैनाती है। इससे पहले शहीद श्योराम की पार्थिव देह मंगलवार सुबह झुंझुनूं जिले में उनके पैतृक गांव टीबा पहुंची। शहीद का पार्थिव देह पहुंचते ही वहां मौजूद लोगों की आंखों में आंसू आ गए। शहीद के परिजन रो-रोकर बेहाल हो रहे हैं। शहीद को अंतिम विदाई देने के लिए बड़ी संख्या में लोग सुबह ही टीबा गांव पहुंच गए।