
मृतक जितेंद्र और प्रकाश
दौसा जिले में हुए दो हादसे परिजनों को कभी नहीं भूलने वाला गम दे गए। रेटा बस स्टैंड के पास सड़क हादसे में पिता और पुत्र की जिंदगी खत्म हो गई तो सवांसा जीएसएस पर करंट लगने से युवक की मौत के बाद सदमे में उसके बड़े भाई ने भी दम तोड़ दिया। दोनों घटनाओं ने परिवारों की खुशियां पलभर में छीन लीं।
लालसोट उपखंड क्षेत्र के सवांसा गांव स्थित 132 केवी जीएसएस पर नई बिजली लाइन डालने के दौरान करंट लगने से एक युवक की मौत हो गई। वहीं, हादसे की सूचना घर पहुंचने पर छोटे भाई की मौत का सदमा बड़े भाई बर्दाश्त नहीं कर सका और हार्ट अटैक से उसकी भी मौत हो गई। एक ही परिवार में दो भाइयों की मौत से गांव में शोक की लहर फैल गई।
झांपदा थाना के एएसआई जगदीश प्रसाद ने बताया कि सवांसा जीएसएस से 11 केवी की नई लाइन डाली जा रही थी। रविवार को अलवर जिले के कठूमर क्षेत्र के तसई गांव के गौरवाली मोहल्ला निवासी कंपनी कर्मचारी जितेंद्र चौहान उर्फ जीतू (28) पुत्र अतरसिंह नई लाइन पर तार डाल रहा था। इसी दौरान नई लाइन ऊपर से गुजर रही पुरानी बिजली लाइन के संपर्क में आ गई। पुरानी लाइन में विद्युत सप्लाई चालू होने के कारण नई लाइन में भी करंट दौड़ गया, जिसकी चपेट में आने से जितेंद्र की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। जितेंद्र की मौत की सूचना जैसे ही उसके गांव पहुंची, परिवार में कोहराम मच गया। छोटे भाई की मौत का समाचार सुनते ही बड़े भाई प्रकाश चौहान को गहरा सदमा लगा और उन्हें हार्ट अटैक आ गया। परिजन उन्हें तत्काल कठूमर सीएचसी लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
परिजनों के अनुसार प्रकाश पिछले कुछ समय से अस्वस्थ चल रहे थे, लेकिन छोटे भाई की असमय मौत का दुख वह सहन नहीं कर सके। जितेंद्र अपने पीछे दो छोटे बच्चों को छोड़ गया है, जबकि प्रकाश अविवाहित था। दोनों भाई छह भाइयों के संयुक्त परिवार में रहते थे। पिता अतरसिंह गांव में किराना दुकान संचालित कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं। घटना की जानकारी मिलते ही पूरे गांव में शोक छा गया। दोनों भाइयों का एक साथ अंतिम संस्कार किया गया।
राष्ट्रीय राजमार्ग पर रेटा बस स्टैंड के समीप ट्रेलर से बाइक टकराने के बाद पिता-पुत्र की मौत हो गई। दुब्बी चौकी प्रभारी जयदेव ने बताया कि जयपुर के महारानी फार्म निवासी प्रताप सिंह (52) अपने पुत्र रोहित सिंह (18) के साथ बाइक से सिकंदरा की ओर जा रहे थे। रेटा के पास एक होटल के सामने ट्रेलर से उनकी बाइक टकरा गई।
हादसे में प्रताप सिंह की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि गंभीर रूप से घायल रोहित को टोल एम्बुलेंस से दौसा अस्पताल पहुंचाया गया। वहां से उसे जयपुर रेफर किया गया, जहां एसएमएस अस्पताल में उपचार के दौरान उसने भी दम तोड़ दिया। प्रताप सिंह निजी विद्यालय में चालक के रूप में कार्यरत थे, जबकि रोहित 11वीं कक्षा का छात्र था। पुलिस ने दोनों शवों का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया।
Updated on:
28 Jul 2026 11:42 am
Published on:
28 Jul 2026 11:19 am
