
Rajasthan Third Grade Teachers Promotion DPC Seniority List Calendar Issued
राजस्थान के शिक्षा विभाग में करियर ग्रोथ और पदोन्नति की राह देख रहे हजारों तृतीय श्रेणी शिक्षकों (Third Grade Teachers) के लिए यह खबर किसी खुशखबरी से कम नहीं है। लंबे समय से चल रहे वरिष्ठता विवाद, विभिन्न अदालती मुकदमों और प्रशासनिक देरी के कारण जो डीपीसी प्रक्रिया पूरी तरह ठप पड़ी हुई थी, उसे अब माध्यमिक शिक्षा निदेशालय बीकानेर ने हरी झंडी दे दी है।
विभाग अब 1 अप्रैल 2022 की स्थिति को आधार मानकर नई वरिष्ठता सूची तैयार करने जा रहा है। शिक्षा विभाग के इस बड़े कदम से न केवल शिक्षकों का वित्तीय और सामाजिक स्तर सुधरेगा, बल्कि प्रदेश के माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में सेकंड ग्रेड शिक्षकों के खाली पड़े हजारों पदों को भी भरा जा सकेगा।
माध्यमिक शिक्षा निदेशक सीताराम जाट की ओर से जारी किए गए आधिकारिक आदेश के अनुसार, इस पूरी प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और समयबद्ध (Time-Bound) बनाने के लिए कड़े निर्देश दिए गए हैं।
अस्थाई से स्थाई का सफर: पहले चरण में जिला स्तर पर जिला शिक्षा अधिकारियों द्वारा अस्थाई वरिष्ठता सूची का प्रकाशन किया जाएगा।
आपत्तियों का निस्तारण: इस सूची पर शिक्षकों की कमियों, गलतियों और दावों को लेकर ऑनलाइन व ऑफलाइन आपत्तियां मांगी जाएंगी। उनके त्वरित निस्तारण के बाद ही मंडल स्तर पर फाइनल कंबाइंड (मिश्रित) लिस्ट तैयार होगी।
शिक्षा विभाग द्वारा जारी किए गए आधिकारिक कैलेंडर के मुताबिक, पूरी प्रक्रिया को निम्नलिखित टाइम-टेबल के अनुसार पूरा किया जाना अनिवार्य है:
इस बड़े फैसले के बाद राजस्थान के तमाम शिक्षक संगठनों ने खुशी जाहिर की है, लेकिन साथ ही विभाग को कुछ सावधानियां बरतने की भी सलाह दी है। प्राथमिक अध्यापक संघ लेवल-प्रथम के संभाग सचिव देवेश अवस्थी ने कहा है कि वरिष्ठता सूची पर आने वाली आपत्तियों का पूरी तरह निष्पक्ष और त्वरित निस्तारण होना सबसे ज्यादा जरूरी है। कई बार क्लर्क और अधिकारियों की लापरवाही से वरिष्ठ शिक्षकों का नाम नीचे चला जाता है और जूनियर शिक्षक प्रमोट हो जाते हैं। इस बार ऐसी किसी भी मानवीय भूल को बर्दाश्त नहीं किया जाना चाहिए ताकि किसी भी योग्य शिक्षक के साथ अन्याय न हो।
विभिन्न शिक्षक संगठनों के पदाधिकारियों का कहना है कि हालांकि वरिष्ठता और डीपीसी से जुड़ा मुख्य मामला अभी भी देश की सर्वोच्च अदालत (Supreme Court) में विचाराधीन है, लेकिन इसके बावजूद राज्य सरकार ने संवेदनशीलता दिखाते हुए इस प्रक्रिया को आगे बढ़ाने का ठोस साहस दिखाया है। अगर विभाग बिना किसी नए कानूनी विवाद के 25 जून 2026 तक इस फाइनल सूची को जारी करने में सफल रहता है, तो आगामी नए शैक्षणिक सत्र (New Session) की शुरुआत में हजारों शिक्षकों को उनके नए पदों और नए स्कूलों में पोस्टिंग मिल जाएगी।
चार साल के इस सूखे के खत्म होने से न केवल शिक्षकों में नया उत्साह देखने को मिल रहा है, बल्कि इससे राजस्थान के सरकारी स्कूलों में खाली पड़े पदों की समस्या भी काफी हद तक दूर होगी। पदोन्नत होकर जब ये थर्ड ग्रेड शिक्षक सेकंड ग्रेड के पदों पर जाएंगे, तो ग्रामीण और कस्बाई क्षेत्रों के सीनियर स्कूलों को नए विषय-विशेषज्ञ शिक्षक (Subject Experts) मिल सकेंगे।
Updated on:
17 May 2026, 8:41 AM IST
Published on:
17 May 2026, 8:41 AM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.