
चंबल नदी का जलस्तर बढ़ा (पत्रिका फोटो)
Dholpur Chambal River Water Level Rises: राजस्थान के धौलपुर जिले में मध्यप्रदेश सीमा पर बह रही चंबल नदी में बुधवार शाम को अचानक जलस्तर बढ़ने से तटीय इलाकों में बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। शाम करीब 6 बजे नदी का जलस्तर 130.15 मीटर तक पहुंच गया, जो खतरे के निशान से महज 0.64 मीटर नीचे है। जल संसाधन विभाग के अनुसार, यदि पानी की आवक इसी गति से जारी रही, तो चंबल नदी बहुत जल्द खतरे के निशान को पार कर सकती है।
सिंचाई विभाग धौलपुर के अधिकारी विजय गढ़वाल ने बताया कि चंबल की प्रमुख सहायक नदी कालीसिंध पर बने नवनेरा बैराज से लगभग 4.15 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। इस भारी आवक के कारण चंबल के जलस्तर में तेजी से उछाल आया है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय प्रशासन तुरंत हरकत में आ गया है और तटीय क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है।
जलस्तर बढ़ने की सूचना मिलते ही धौलपुर तहसीलदार मुकेश मीणा ने प्रशासनिक टीम के साथ मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने चंबल नदी के तटीय इलाकों और सुरक्षा इंतजामों का गहन निरीक्षण किया। पानी के बढ़ते दबाव को देखते हुए जिला प्रशासन ने निचले और संवेदनशील इलाकों में निगरानी सख्त कर दी है।
तहसीलदार, पटवारी, गिरदावर और ग्राम पंचायतों के सरपंचों को अपने-अपने क्षेत्रों में 24 घंटे सतर्क रहने के कड़े निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों को ताकीद की गई है कि जलस्तर में किसी भी तरह के बदलाव या आपात स्थिति की जानकारी तुरंत उच्च अधिकारियों को दी जाए, ताकि समय रहते कदम उठाए जा सकें।
जिला प्रशासन ने चंबल नदी के किनारे बसे गांवों के निवासियों से अत्यधिक सतर्कता बरतने की अपील की है। ग्रामीणों को सख्त हिदायत दी गई है कि वे नदी के आसपास न जाएं और अपने बच्चों व मवेशियों को नदी तट से दूर रखें। इसके अलावा, लोगों को किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने की सलाह दी गई है।
तटीय गांवों में आपातकालीन टीमें सक्रिय कर दी गई हैं। यदि जलस्तर खतरे के निशान को पार करता है, तो निचले इलाकों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करने और राहत व बचाव कार्य शुरू करने की पूरी तैयारी कर ली गई है। प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
Updated on:
12 Aug 2026 09:22 pm
Published on:
12 Aug 2026 09:21 pm
