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Dungarpur News : अधिकारी बदलते रोका आदेश, डेढ़ करोड़ का डिवाइडर टेंडर निरस्त, जानें पूरा मामला

Dungarpur News : डूंगरपुर के नगर पालिका सागवाड़ा में अधिकारी बदलते ही डेढ़ करोड़ रुपए के एक बड़े खर्चे पर रोक लग गई है। जानें पूरा मामला।

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Dungarpur Sagwara changing officer Order stopped divider tender worth 1.5 crore cancelled

सागवाड़ा. डिवाइडर पर टूटी लोहे की जाली ठीक करते हुए मजदूर। फोटो पत्रिका

Dungarpur News : डूंगरपुर के नगर पालिका सागवाड़ा में अधिकारी बदलते ही डेढ़ करोड़ रुपए के एक बड़े खर्चे पर रोक लग गई है। शहर के बीचों-बीच गुजर रहे डूंगरपुर-बांसवाड़ा राष्ट्रीय राजमार्ग पर पहले से बने डिवाइडर को हटाकर नया डिवाइडर बनाने का टेंडर निरस्त कर दिया गया है। खास बात यह है कि जिस मार्ग पर यह निर्माण प्रस्तावित था, वहां पहले से डिवाइडर बना हुआ है और उसमें बड़ी संख्या में पौधे भी लगे हैं। सूत्रों के अनुसार यह टेंडर तत्कालीन अधिशासी अधिकारी के कार्यकाल में जारी किया गया था।

प्रशासनिक हलकों में इस फैसले को पूर्व कार्यकाल में हुए निर्णयों पर बड़ा सवाल माना जा रहा है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते टेंडर निरस्त नहीं होता तो लाखों-करोड़ों रुपए का अनावश्यक खर्च जनता पर थोप दिया जाता। साथ ही व्यस्ततम सड़क पर निर्माण कार्य शुरू होने से यातायात व्यवस्था भी प्रभावित होती।

मरम्मत का चल रहा काम

इन दिनों इस डिवाइडर में हुई टूट-फूट को ठीक करने का कार्य तेजी से किया जा रहा है एवं आगामी एक दो दिन में कार्य पूरा कर लिया जाएगा। डिवाइडर पर लगी लोहे की जाली एवं कई स्थानों से टूटे ब्लॉक को ठीक किया जा रहा है।

फेक्ट फाइल
डूंगरपुर-बांसवाड़ा मार्ग पर डिवाइडर की रेलिंग का निर्माण 2022-23 में।
डिवाइडर की रेलिंग करीब डेढ़ किमी लम्बी, निर्माण पर कुल खर्च 30 लाख।
निरस्त टेंडर: डिवाइडर नवीनीकरण फेज-1, अनुमानित लागत 149.77 लाख।

प्रस्तावित कार्य की आवश्यकता नहीं

डिवाइडर के मामले की समीक्षा किए जाने पर पाया कि प्रस्तावित कार्य की वास्तविक आवश्यकता नजर नहीं आ रही है। इसके बाद तत्काल प्रभाव से करीब डेढ़ करोड़ रुपए के टेंडर को निरस्त कर दिया।
डा. रमेशचन्द्र वढ़ेरा, तहसीलदार एवं अधिशासी अधिकारी का अतिरिक्त प्रभार

स्कूलों के समीप से अवैध शराब ठेके हटाने की मांग

वहीं एक अन्य न्यूज में ओबरी के ग्राम पंचायत आंतरी में संचालित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय एवं राजकीय बालिका विद्यालय के समीप संचालित अवैध अंग्रेजी व देशी शराब की दुकानों व अड्डों को तुरंत प्रभाव से हटाने की मांग को लेकर ग्रामीणों व जनप्रतिनिधियों ने रोष व्यक्त करते हुए जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है।

ज्ञापन में बताया गया कि विद्यालयों के पास अवैध शराब के धंधे के कारण शराबी आए दिन स्कूल परिसर में प्रवेश कर जाते हैं और वहां शराब व बीयर की बोतलें तोड़ देते हैं, जिससे विद्यालय में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं तथा शैक्षणिक स्टाफ को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, वहीं रास्ते में आने-जाने वाली बालिकाओं के साथ छेड़खानी की घटनाएं होने से छात्राओं में डर का माहौल है। ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि असामाजिक तत्वों की ओर से क्षेत्र में अवैध शराब का संचालन धड़ल्ले से किया जा रहा है और रोकने पर वे लड़ाई-झगड़े पर उतारू हो जाते हैं। पूर्व में भी कई बार प्रार्थना पत्र देने के बावजूद प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई व जांच नहीं की। शराब की दुकानों को शीघ्र नहीं हटाया गया तो उग्र आंदोलन छेड़ा जाएगा।

ज्ञापन सौंपने वालों में आंतरी के भाजपा एसटी मोर्चा जिला उपाध्यक्ष देवीलाल खराड़ी, सुरेश रोत (मांडवीया मंडल अध्यक्ष), राकेश रोत (भाजपा एसटी मोर्चा जिला उपाध्यक्ष), ईश्वर परमार , तरुण ननोमा, वासुदेव रोत, कांतिलाल खराड़ी, कांतिलाल डामोर, ईश्वर खराड़ी, मोहन खराड़ी, वार्ड पंच रूपलाल डामोर, लक्ष्मणलाल ननोमा, तुलसीराम खराड़ी, लीलाराम खराड़ी, नारायण डामोर तथा देवीलाल दाहमा सहित गामीण उपस्थित रहे।