यूरेनियम पर डोनाल्ड ट्रंप का फैसला, कहा- आयात पर कोटा नहीं लागू करेंगे

यूरेनियम पर डोनाल्ड ट्रंप का फैसला, कहा- आयात पर कोटा नहीं लागू करेंगे

Ashutosh Kumar Verma | Updated: 14 Jul 2019, 02:55:05 PM (IST) अर्थव्‍यवस्‍था

  • ट्रंप ने सेक्शन 232 का हवाला देते हुए स्टील और एल्यूमिनियम उत्पादों के आयात पर शुल्क लगा दिया था।
  • मैं मानता हूं कि घरेलू खनन के मुकाबले यूरेनियम के आयात के प्रभाव के संबंध में संपूर्ण परमाणु ईंधन आपूर्ति श्रृंखला के मद्देनजर राष्ट्रीय सुरक्षा का पूर्ण विश्लेषण जरूरी है।

नई दिल्ली। अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वाणिज्य विभाग की इस रिपोर्ट के बावजूद कि विदेशी यूरेनियम देश की सुरक्षा के लिए खतरा हो सकता है, घोषणा की है कि वह यूरेनियम के आयात पर कोटा लागू नहीं करेंगे। न्यूज एजेंसी सिन्हुआ की रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप ने ट्रेड एक्पेंशन एक्ट, 1962 का हवाला देते हुए शुक्रवार रात जारी एक राष्ट्रपति ज्ञापन में कहा, "इस समय मैं सचिव के इस निष्कर्ष से सहमत नहीं हूं कि यूरेनियम आयात अमरीका की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा हो सकता है, जैसा कि अधिनियम के सेक्शन 232 में परिभाषित किया गया है।"

ट्रंप की यह घोषणा उनके उस रुख से बिल्कुल अलग है, जिसमें उन्होंने सेक्शन 232 का हवाला देते हुए स्टील और एल्यूमिनियम उत्पादों के आयात पर शुल्क लगा दिया था।

यह भी पढ़ें - आखिर फेसबुक पर क्यों लगा 34 हजार करोड़ रुपये का जुर्माना? क्या है पूरा मामला?

ट्रंप ने कहा- राष्ट्रीय सुरक्षा का पूर्ण विश्लेषण जरूरी

ट्रंप ने कहा, "हालांकि, मैं मानता हूं कि घरेलू खनन के मुकाबले यूरेनियम के आयात के प्रभाव के संबंध में सचिव की जांच निष्कर्ष चिंतनीय है, लेकिन मुझे लगता है कि इस समय संपूर्ण परमाणु ईंधन आपूर्ति श्रृंखला के मद्देनजर राष्ट्रीय सुरक्षा का पूर्ण विश्लेषण जरूरी है।" अमेरिका वर्तमान में अपने व्यावसायिक प्रयोग के लिए करीब 93 प्रतिशत यूरेनियम का आयात करता है, जबकि 2009 में 85.8 प्रतिशत यूरेनियम आयात करता था।


अमरीकी वाणिज्य सचिव विलबर रॉस ने अप्रैल में राष्ट्रपति को सौंपी गई अपनी रिपोर्ट में कहा था कि विदेशी सरकारी कंपनियों ने वैश्विक कीमतों को विरूपित कर दिया है, जिसके कारण घरेलू खदानों के लिए प्रतिस्पर्धा करना कठिन हो गया है। ट्रंप ने मांग की कि एक कार्यकारी समूह घरेलू परमाणु ईंधन के उत्पादन का विस्तार करने के लिए 90 दिनों के भीतर अपनी सिफारिशें पेश करे। विदेशी यूरेनियम को लेकर जांच ट्रंप प्रशासन ने स्वत: शुरू नहीं की, बल्कि दो अमेरिकी खनन कंपनियों यूआर (यूरेनियम)-एनर्जी इंक और एनर्जी फ्यूल्स इंक के आग्रह पर यह जांच शुरू की गई थी।

(नोट: यह खबर न्यूज एजेंसी फीड से प्रकाशित की गई। पत्रिक बिजनेस ने इस खबर में हेडलाइन के अतिरिक्त कोई बदलाव नहीं किया है।)

Business जगत से जुड़ी Hindi News के अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर Like करें, Follow करें Twitter पर और पाएं बाजार, फाइनेंस, इंडस्‍ट्री, अर्थव्‍यवस्‍था, कॉर्पोरेट, म्‍युचुअल फंड के हर अपडेट के लिए Download करें Patrika Hindi News App.

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned