
RSS से जुड़े 10 रोचक तथ्य। (Image Source: Chatgpt)
Rashtriya Swayamsevak Sangh Facts: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) भारत का एक ऐसा संगठन है जो बिना किसी बड़े प्रचार के भी देश के हर कोने में सक्रिय है। 1925 में शुरू हुआ यह संगठन आज न सिर्फ 100 साल की उम्र पार कर चुका है, बल्कि इसकी 50,000 से भी ज्यादा दैनिक शाखाएं देश-विदेश में चलती हैं। आज हम आपको RSS से जुड़ी कुछ खास बातें बताएंगे।
RSS की स्थापना 27 सितंबर 1925 को नागपुर में डॉक्टर केशव बलिराम हेडगेवार ने की थी। उनका उद्देश्य था – भारत में सांस्कृतिक राष्ट्रवाद को मजबूत करना।
RSS में शामिल होने के लिए कोई फॉर्म या मेंबरशिप कार्ड नहीं भरना पड़ता। यह पूरी तरह स्वैच्छिक संगठन है।
देशभर में RSS की रोजाना करीब 50,000 से ज्यादा शाखाएं लगती हैं, जिनमें लाखों स्वयंसेवक हिस्सा लेते हैं।
RSS की शाखाएं केवल भारत तक सीमित नहीं है। इसकी विदेशी इकाई "HSS" (Hindu Swayamsevak Sangh) अमेरिका, ब्रिटेन, जापान, ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों में भी सक्रिय है।
विद्या भारती, जो RSS से जुड़ा एक शैक्षणिक संगठन है, भारत में 20,000 से स्कूलों का संचालन करता है।
भूकंप, बाढ़ जैसी आपदाओं में RSS के स्वयंसेवक बिना प्रचार के राहत कार्य में जुट जाते हैं। रक्तदान शिविर, पर्यावरण अभियान, ग्रामीण विकास इनकी प्रमुख गतिविधियों में शामिल हैं।
RSS खुद कोई राजनीतिक संगठन नहीं है, लेकिन इसकी विचारधारा से प्रेरित होकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) सहित कई दल आगे आए हैं।
लंबे समय तक RSS का पारंपरिक ड्रेस कोड था खाकी हाफ पैंट। लेकिन 2016 में इसे बदलकर फुल पैंट कर दिया गया।
नरेंद्र मोदी, अटल बिहारी वाजपेयी, मोहन भागवत जैसे कई राष्ट्रीय नेता RSS से जुड़े रहे हैं।
आरएसएस पर पहली बार प्रतिबंध साल 1948 में महात्मा गांधी की हत्या के बाद लगाया गया था। तीस जनवरी 1948 को नाथूराम गोडसे ने महात्मा गांधी की गोली मारकर हत्या कर दी थी और गोडसे आरएसएस का सदस्य था।
Updated on:
12 Sep 2025, 10:01 PM IST
Published on:
12 Sep 2025, 10:01 PM IST
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