
करोडों के घोटाले मे 30 हजार खातेदारों को भेजेगा डाक विभाग नोटिस
इटावा. उत्तर प्रदेश के इटावा में 2 डाकघरों में खातेदारों के खाते से करोडों रुपए के घोटाले के मामले के सामने आने के बाद डाक विभाग ने करीब 30 हजार खातेदारों को नोटिस भेजने का निर्णय लिया है। फरवरी माह मे सामने आये घोटाले की सीबीआई और डाक विभाग सयुक्ंत रूप से जांच कर रही है।
15 हजार की जांच पूरी
इटावा के मुख्य डाक अधीक्षक मनोज कुमार ने बताया कि 2 डाकघरों में करीब 45 हजार खातेदार हैं। इनमें से 15 हजार की जांच की जा चुकी है। अभी 30,000 की जांच पूरी किया जाना है। इसलिए सभी 30 हजार को नोटिस जारी किये जा रहे है। उन्होंने बताया कि खातेदारों के खातों से रकम निकाले जाने के मामले में जांच प्रक्रिया के बाद खातेदारों को नोटिस भेजी जानी है। उनसे कहा जा रहा है कि नोटिस मिलने के बाद एक बार अपने खाते का मिलान कराले हालांकि डाक विभाग ने अपनी ओर से जांच पूरी कर ली है। इससे पहले भी अलग-अलग तरीकों से खातेदारों के पास से संबंधित सूचनाएं भेजी जा चुकी है।
उन्होंने बताया कि कुछेक खातों में घोटाले का मामला सामने आने के बाद लगभग 19 हजार खातेदारों ने डाकघरों में पहुंचकर अपने खातों की जांच भी कराई है। अब इन दोनों डाकघरों के करीब 30 हजार खातेदारों को इस आशय के नोटिस भेजे जा रहे हैं कि नोटिस प्राप्ति के बाद संबंधित डाकधर पहुंचकर अपने खातों की जांच करा लें और कोई गड़बड़ी हो तो उससे तत्कालिक तौर पर दुरूस्त कराए। फिलहाल प्रधान डाकघर से नोटिस जारी करने की प्रक्रिया जा रही है। अगले सप्ताह नोटिस खातेदारों के पास पहुंचने लगेंगे। इटावा शहर स्थित अशोकनगर और न्यू सिटी डाकघर में खातेदारों के खातों की हुई जांच के बाद 65 लाख के आसपास रकम को घोटाला कर लेना स्पष्ट हो चुका है लेकिन अभी जांच पूरी नही हो पाई है।
दर्ज कराई एफआईआर
इस मामले में उप डाकपाल नरेंद्र सिंह चौहान व उनके एक सहयोगी के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराई गई थी। इसके बाद आरोपियों डाकपाल ने कोर्ट में सरेंडर कर दिया था। हालांकि, जेल में इस मामले की जांच डाक विभाग ने कराई। जिसमें कई खातेदारों से खातेदारों की जानकारी बगैर रकम निकासी का मामला पकड़ा गया। इस मामले की जांच के लिए सीबीआई की टीम भी इटावा पहुंची थी और न्यू सिटी डाकघर में पूरे दिन बैठकर दस्तावेज खंगाले थे। सीबीआई की टीम पहुंच जाने से पूरे डाक विभाग में खलबली मची रही थी। ऐसी संभावना है कि सीबीआई की टीम एक बार फिर इस मामले के दस्तावेज खंगालने के लिए इटावा आकर इन डाकघरों में चेकिंग कर सकती है। सीबीआई ने इस मामले मे संज्ञान तब लिया जब उप डाक पाल नरेंद्र सिंह चौहान व एक अन्य के खिलाफ डाक घोटाले के संदर्भ मे मुकदमा धारा 127/19 दर्ज किया गया। आरोपी पाल नरेंद्र सिंह चौहान के बारे मे जेएससी जांच मे पाया गया है कि वे न्यू सिटी पोस्ट आफिस मे 17 नंबवर 2014 से 27 सिंतबर 2018 तक तैनात रहा। उसके बाद चौहान की तैनाती अशोकनगर उप डाक घर मे तैनाती कर दी गई।
Updated on:
10 May 2019 03:29 pm
Published on:
09 May 2019 06:43 pm
बड़ी खबरें
View Allइटावा
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
