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Electricity bill dispute: इटावा में 1 लाख 60 हजार का बिजली का बिल देखकर सदमे में आया चाय विक्रेता, मौत: इटावा में 1 लाख 60 हजार का बिजली का बिल आने से चाय वाला सदमे में आ गया। उसने बिजली विभाग के अधिकारियों की चौखट पर फरियाद लगाई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। इसी दौरान हार्ट अटैक पड़ने से उसकी मौत हो गई। परिवार वाले शव को बिजली विभाग के उपखंड ऑफिस ले गए, जहां उन्होंने जमकर हंगामा किया। बिजली विभाग के अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए। मृतक की पुत्री राखी ने बताया कि मामले को देखने के लिए 2 हजार रुपए रिश्वत की मांग की गई थी। उपखंड अधिकारी दिलीप कुमार ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। पीड़ित परिवार को 20 हजार की आर्थिक सहायता दी गई है। मामला भरथना क्षेत्र के महावीर नगर का है।
उत्तर प्रदेश के इटावा के भरथना क्षेत्र के महावीर नगर निवासी शिवपाल सिंह चाय की दुकान लगाता था। मृतक पुत्री राखी ने बताया कि उनके पिताजी चाय बेचने का काम करते थे। इसी से घर का खर्चा भी चलता था। उनके घर में स्मार्ट मीटर लगाया गया था। इसके बाद बिजली के बिल की समस्या बढ़ गई। जो पापा की मौत के बाद भी खत्म नहीं हुई।
ऑफिस के संबंध में जानकारी देते हुए राखी ने बताया कि जेई ने स्वीकार किया कि पुराने मीटर में रीडिंग स्टोर था, लेकिन उन्होंने लिखित में नहीं दिया है। हमें रीडिंग के विषय में कोई जानकारी नहीं दी गई। पिछले 3 महीने से गलत बिल आ रहा है। उनके घर में एयर कंडीशनर जैसी कोई चीज नहीं है। जिससे कि 20 से 25 हजार रुपए का बिल आए। पिछले 3 महीने का बिल 1 लाख 60 हजार रुपए आया है।
उनके पापा को सुंदरपुर तक दौड़ाया जा रहा था। जबकि कमाने वाले वह अकेले थे। जब दुकान खोलते थे तो घर में दो पैसे आते थे। सुंदरपुर में बिजली कर्मचारियों ने कहा कि दो हजार रुपए रिश्वत मांगे। कहने लगे, "रुपए दो तब तुम्हारा मामला देखा जाएगा।" राखी ने कहा कि मामला देखने की बात की जा रही है ना कि समस्या के समाधान की। उनके पिताजी ने ईमानदारी से बिजली का बिल जमा किया है। एक बिल पेंडिंग नहीं रहा।
राखी ने बताया कि लिखित शिकायत की गई। पहले 14 मार्च को बुलाया गया, फिर 18 मार्च को आने के लिए कहा गया। इसी दौरान उनके पापा को हार्ट अटैक पड़ा और मौत हो गई। पापा की मौत के बाद जब मिट्टी लेकर आए, तो विभाग के सारे लोग ताला बंद करके भाग गए। उन्होंने बताया कि जब तक न्याय नहीं मिलेगा और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की जाएगी, तब तक यहां से नहीं हटेंगे। उपखंड अधिकारी ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
Updated on:
20 Mar 2026 05:49 pm
Published on:
20 Mar 2026 05:49 pm
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