28 अक्टूबर 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

नरसिंहपुर जिले को कोरोना से बचाने में अहम भूमिका निभा रहा पनागर गांव

्गाव के पांव पत्रिका ग्राउंड जीरो  
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

गाडरवारा

•

image

Arun Shrivastava

•

Updated: 2 May 2020, 1:16 PM IST

नरसिंहपुर जिले को कोरोना से बचाने में अहम भूमिका निभा रहा पनागर गांव

्रगांव के पांव पत्रिका ग्राउंड जीरो

ग्राम पनागर एवं ढाना
आबादी 4500
ग्राम पंचायत पनागर
तहसील गाडरवारा जिला नरसिंहपुर
पनागर गाडरवारा। नरसिंहपुर जिले को कोरोना आपदा से बचाने के लिए जिले की सीमा पर स्थित ग्राम पंचायत पनागर अहम भूमिका निभा रही है। उल्लेखनीय है कि कोरोना आपदा से सबसे अधिक जूझ रहे इंदौर भोपाल एवं होशंगाबाद जिले का मार्ग इसी पनागर चेकपोस्ट से होकर गुजरा है। पूर्व में भोपाल से आई डेड बॉडी को वापस करने के दौरान तहसील के अधिकारियों को भी कई दिनों तक एहतियात के तौर पर होम क्वॉरेंटाइन में रहना पड़ा था। जिले के आला अधिकारियों ने भी जब-जब गाडरवारा तहसील का दौरा किया है, वह पनागर चेक पोस्ट अवश्य पहुंचे हैं एवं वहां उचित दिशा निर्देश दिए गए हैं। यहां प्रशासन द्वारा चौबीसों घंटे पुलिस एवं विभिन्न विभागों के कर्मचारियों की ड्यूटी चेक पोस्ट पर लगाई है। प्रशासन के अलावा ग्रामवासी भी कोरोना वायरस को लेकर बेहद सजग एवं चाक.चौबंद दिखाई दे रहे हैं। लगभग 4500 लोगों की आबादी वाले पनागर गांव से होकर जिले की सीमा में दाखिल होने वाले लोगों को रोकने के लिए बीते दिनों जेसीबी मशीन द्वारा नदी की रेत एवं खेतों से होकर समीपी ग्राम ढाना से संभावित रास्तों के बीच खुदाई की गई थी। समय समय पर बाहर के लोगों के बारे में सूचना भी ग्रामवासी प्रशासन को देते रहे हैं। चेक पोस्ट कर्मियों का भरपूर सहयोग करते हुए पनागर एवं ढाना गांवों के लोग एक प्रकार से जिले को कोरोना से बचाने में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। दिन के अलावा रात में भी ग्रामवासी सजग रहकर बाहर से अनाधिकृत रूप से प्रवेश करने वालों पर नजर बनाए हुए हैं। ग्रामवासी कोरोना आपदा को लेकर भयभीत भी हैं उनका कहना है कि बाहर से आने वाले ई पास धारक वाहन एवं लोग पनागर चेकपोस्ट से होकर ही गुजरते हैं। इससे सबसे अधिक खतरा भी इसी गांव को है। लेकिन ग्रामवासी सतर्कता बरतते हुए जागरूकता से प्रशासन का सहयोग कर रहे हैं। इसके लिए बाहर से जिले एवं गांव की सीमा में ईपास परमिट शुदा वाहनों के प्रवेश करने पर ग्रामवासी देखते रहते है कि चैकपोस्अ से आगे जाकर कोई रास्ते में वाहन खड़े तो नहीं कर रहा। वहीं बाहर से आए लोगों थूकने एवं अन्य निस्तारण पर भी नजर रखी जाती है तथा ऐसा करते देखने पर मना किया जाता है। बताया गया है बीते दिनों गांव के लोगों के कहने पर ही प्रशासन ने जेसीबी से खुदाई कराई एवं शुगर मिल के सहयोग से पूरे गांव में सेनेटाइजर छिड़काव कराया है। इसके अलावा गांव के लोगों के बाहर न निकलने, मास्क लगाने सोशल डिस्टेंस आदि से अवगत कराकर ग्रामीणों को जागरुक करते रहे हैं। इन गांवों के प्रदीप भटेले, राहुल चौकसे, गुड्डा साहू, प्रदीप चौकसे, हेमंत पटेल, नवनीत चौकसे, गुलजार, तातू आदि के सहयोग से ग्राम में सेनेटाइजेशन एवं जागरुकता फैलाई जा रही है।
-----------------------------------------------------------------------