
पाली
करीब चार वर्ष पुराने दुष्कर्म के प्रयास के एक मामले में गुरुवार को अपर सेशन न्यायाधीश पाली सुकेश कुमार जैन (जिला न्यायाधीश केडर) ने फैसला सुनाया। इसमें दुष्कर्म का प्रयास, मारपीट व लूट का दोषी मानते हुए अभियुक्त बजरंग बाड़ी कच्ची भील बस्ती निवासी लक्ष्मण (२०) पुत्र तुलसीराम भील को साढ़े चार वर्ष के कठोर कारावास व पांच हजार रुपए के अर्थदंड की सजा सुनाई।
लोक अभियोजक प्रतापचंद चौहान ने बताया कि १७ अक्टूबर २०१२ की दोपहर करीब एक बजे पीडि़ता नदी में मुरड लेने गई थी। उसके साथ तीन वर्षीय पुत्र भी था। इस दौरान बजरंग बाड़ी कच्ची भील बस्ती निवासी लक्ष्मण भील ने उसे अकेला देख दुष्कर्म का प्रयास करने लगा। विरोध करने पर आरोपित ने उससे मारपीट की तथा पहने हुए गहने लूट लिए। उसके चिल्लाने की आवाज सुनकर कुछ लोग दौड़कर आए, जिन्हें देखकर लक्ष्मण भाग गया। पुलिस ने आरोपित को गिरफ्तार कर न्यायालय में आरोप पत्र पेश किया था। मामले में गुरुवार को न्यायाधीश ने आरोपित को दुष्कर्म के प्रयास, लूट व मारपीट का दोषी मानते हुए साढ़े चार वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई। न्यायिक अभिरक्षा में व्यतीत की गई अवधि मूल सजा में समायोजित की जाएगी।
Published on:
19 May 2017 11:49 am
