27 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

पटरी पर उतरी देश की पहली रैपिड रेल, दिल्ली से साहिबाबाद के बीच इस दिन से ट्रायल शुरू होने की तैयारी

Rapid Rail: रैपिड रेल की बोगियों को गाजियाबाद के दुहाई पर इंजीनियरों की टीम ने असेम्बल किया और इसके बाद पटरी पर खड़ा कर दिया। कहा जा रहा है कि पहला ट्रायल दुहाई से साहिबाबाद के बीच किया जाएगा। अगस्त माह से दिसंबर के आखिर तक चलने की संभावना है।

2 min read
Google source verification
पटरी पर उतरी देश की पहली रैपिड रेल, दिल्ली से साहिबाबाद के बीच इस दिन से ट्रायल शुरू होने की तैयारी

देश की पहली रैपिड रेल में सफर करने का इंतजार अब खत्म होने वाला है। नेशनल कैपिटल रीजन ट्रांसपोर्ट (NCRTC) ने रैपिड रेल को पटरी पर उतार दिया है। जल्द ही इसका संचालन गाजियाबाद के रास्ते दिल्ली के सराय काले खां से मेरठ के बीच किया जाएगा। हालांकि इससे पहले ट्रायल दुहाई से साहिबाबाद के बीच किया जाएगा। जो कि अगस्त माह से दिसंबर के आखिर तक चलने की संभावना है। बता दें कि रैपिड रेल के ट्रायल को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। एक बार ट्रायल सफल हो गया तो उसके बाद साल 2023 की शुरुआत से इन स्टेशनों के बीच ट्रेन का संचालन किया जाएगा। इसके बाद मेरठ तक ट्रेन को चलाया जाएगा। पहले चरण में दिल्ली से दुहाई (गाजियाबाद) के बीच रेलवे कॉरिडोर का निर्माण तेजी से पूरा किया जा रहा है और फाइनल स्टेज में है। वहीं, देश की पहली रीजनल रैपिड रेल दुहाई डिपो पर असेंबल की जा चुकी है।

ट्रेन की बोगियों के असेम्बल का काम पूरा

बता दें कि गुजरात के सावली प्लांट से राजस्थान-हरियाणा होते हुए 6 बड़े ट्रेलर पर लादकर रेल की बोगियों को गाजियाबाद के दुहाई लाया गया है। इंजीनियरों की टीम ने सोमवार को पूरी ट्रेन को असेम्बल किया और इसके बाद पटरी पर खड़ा कर दिया। वहीं, रैपिड रेल का सबसे बड़ा डिपो दुहाई (गाजियाबाद) में बनकर तैयार है। यहां मशीनरी भवन से इसका संचालन किया जाएगा। इस डिपो में कुल 17 रेल लाइन बनाई गई हैं, जिसमें 11 स्टेबलिंग लाइन, 2 वर्कशॉप लाइन, 3 इंटरनल वे लाइन और 1 हेवी इंटरनल लाइन शामिल है।

यह भी पढ़े - अधेड़ उम्र में इश्कबाज़ी करना पड़ा महंगा, पत्नी ने पेड़ से बांध जमकर धुनाई की और फिर...

हर दस मिनट पर आती-जाती रहेगी ट्रेन

रैपिड रेल को रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम के तहत चलाया जाएगा। इसमें दो तरह की ट्रेनें चलाई जाएंगी। पहली एक ट्रेन मोदीपुरम से बेगमपुर-प्रतापपुर होते हुए दिल्ली के सराय काले खां तक चलेगी। इस ट्रेन का नाम रैपिड रेल होगा। जबकि दूसरी मोदीपुरम से बेगमपुर होते हुए प्रतापपुर तक चलेगी, जिसका नाम मेरठ मेट्रो यानी एमटीएस होगा। रैपिड रेल का संचालन हर 10 मिनट पर होगा। यानी 10-10 मिनट पर ट्रेन आती-जाती रहेगी। 160 किलोमीटर की स्पीड से यह रैपिड रेल लोगों को अपने गंतव्य तक 40 मिनट में में पहुंचा देगी।

स्टेशन के लिए मैप भी तैयार

रैपिड रेल में यात्रियों की सुविधा का खासा ध्यान रखा गया है। हर रेल में मैप होगा। इससे यात्रियों की मदद मिलेगी। उनके स्टेशन पर ट्रेन किस समय पहुंचेगी मैप के जरिये इसकी जानकारी रहेगी। इस तरह यात्री परेशान नहीं हो सकेंगे।


यह भी पढ़े - बुलडोजर पर बैठकर निकाह करने पहुंचा दूल्हा, बारातियों ने लगाए 'जय हो बुलडोजर बाबा' के नारे

भारत की सबसे तेज गति की ट्रेन

आवास और शहरी मामलों का मंत्रालय के सचिव की उपस्थिति में 7 मई 2022 को एनसीआरटीसी को रैपिड रेल का ट्रेनसेट सौंपा जाएगा। भारत की पहली आरआरटीएस ट्रेनों की कम्यूटर-केंद्रित सुविधाओं के साथ इंटीरियर का 16 मार्च, 2022 को दुहाई डिपो, गाजियाबाद में अनावरण किया गया है। ये आरआरटीएस ट्रेनें 180 किमी/घंटा की अधिकत्तम गति, 160 किमी/घंटा की परिचालन गति और 100 किमी/घंटा की औसत गति के साथ भारत में सबसे तेज गति की ट्रेनें होंगी।