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सीएम योगी का दो टूक, गौवंश को खाने वाले…सूअर का दूध पीते हैं क्या, मां के नाम से ही जाने गये “कौशल्या नंदन” एवं “यशोदा नंदन”

गोरखपुर के गंभीरनाथ प्रेक्षागृह में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम में नारी शक्ति वंदन कार्यक्रम के तहत मातृ शक्ति का सम्मान किया गया। महिलाओं की शक्ति और उनके योगदान को मान्यता देने के उद्देश्य से विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं को सम्मानित किया गया।

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फ़ोटो सोर्स: पत्रिका, सीएम योगी

गोरखपुर में बुधवार को नारी शक्ति वंदन सम्मेलन में सीएम योगी ने विपक्ष को जमकर लताड़ा, उन्होंने कहा कि इन दलों का इतिहास नारी विरोधी रहा है। सपा शासन में एक कहावत हो प्रचलित हो गई थी कि "देख सपाई बिटिया घबराई".

पुलिस में अनिवार्य रूप से भर्ती होगी 20 प्रतिशत महिलाएं

मुख्यमंत्री ने ने कहा कि आधी आबादी को अब अधिकार देने की जरूरत है। नारी जब सशक्त होती है तो वो परिवार अपने आप में समर्थ होता है। जब वो समर्थ होती हैं तो राष्ट्र समर्थ होता है। आत्म निर्भर भारत की संकल्प को आगे बढ़ाने के लिए ये समय की जरूरत है। सीएम ने कहा कि 1947 से 2017 तक उत्तर प्रदेश में पुलिस की भागीदारी मात्र 10 हजार थी लेकिन अभी 44 से 45 हजार है। भाजपा के शासन में अनिवार्य है कि 20 परसेंट महिलाओं को अनिवार्य रूप से पुलिस में भर्ती किया जाएगा।

“बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ”…बेटियों की सुरक्षा और सम्मान के लिए

सीएम ने कहा कि कई जगहों पर महिलाओं को संपत्ति में अपना अधिकार नहीं मिल पाता था। इसी वजह से कन्या भ्रूण हत्या जैसी शिकायतें भी सामने आती थीं। इन समस्याओं को ध्यान में रखते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने देशवासियों से आह्वान किया और पूरे देश में जागरूकता अभियान चलाया। बेटियों की सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करने के लिए “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” जैसे अभियान शुरू किए गए। इसके साथ ही “प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना” भी लागू की गई, ताकि माताएं और नवजात सुरक्षित रह सकें।

“कौशल्या नंदन” एवं “यशोदा नंदन”…मां के नाम से ही जाने जाते भगवान

सीएम योगी ने कहा कि हमने नदियों को मां का दर्जा दिया है, इसलिए हम उन्हें “गंगे मैया” कहकर पुकारते हैं। गाय को गौ माता कहते हैं क्योंकि दूध हम गौवंश का ही पीते हैं। आप अर्जुन को याद कीजिए ,उन्हें “कुंती पुत्र” कहा जाता है, और भीष्म पितामह को “गंगापुत्र” कहलाते हैं, क्योंकि वे माता गंगा के पुत्र थे।

अब समय आ गया है कि आधी आबादी को अधिकार देने की बात को कोई भीख नहीं मांगा नहीं जा रहा है। नारी जब सशक्त होती है तो वो परिवार और राष्ट्र अपने आप में समर्थ होता है। जब वो समर्थ होती है राष्ट्र समर्थ होता है। आत्म निर्भर भारत की संकल्प को आगे बढ़ाने के लिए ये समय की जरूरत है।

महिला शक्ति वंदन सम्मलेन में चिल्लूपार विधायक राजेश त्रिपाठी, बांसगांव विधायक विमलेश पासवान, पिपराइच विधायक महेंद्र पाल सिंह, सहजनवा विधायक प्रदीप शुक्ल, चौरीचौरा विधायक श्रवण निषाद भी मौजूद है।