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अगले साल से बूढ़ी आंखों को मयस्सर होगा मदीने का दीदार

हनुमानगढ़. अगले साल से 70 बरस की उम्र पार कर चुके बुजुर्ग फिर से मक्का-मदीना के मुकद्दस सफर पर जा सकेंगे। हज कमेटी ऑफ इंडिया, मुम्बई की ओर से हज यात्रियों की आयु संबंधी मापदंडों में बदलाव कर दिया है।

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अगले साल से बूढ़ी आंखों को मयस्सर होगा मदीने का दीदार

अगले साल से बूढ़ी आंखों को मयस्सर होगा मदीने का दीदार

अगले साल से बूढ़ी आंखों को मयस्सर होगा मदीने का दीदार
- हज कमेटी ने 70 साल से अधिक आयु के बुजुर्गों को हज यात्रा की दी अनुमति
- कोविड के चलते नहीं दी जा रही थी दो साल से स्वीकृति
- आरक्षित श्रेणी का मिलेगा लाभ
हनुमानगढ़. अगले साल से 70 बरस की उम्र पार कर चुके बुजुर्ग फिर से मक्का-मदीना के मुकद्दस सफर पर जा सकेंगे। हज कमेटी ऑफ इंडिया, मुम्बई की ओर से हज यात्रियों की आयु संबंधी मापदंडों में बदलाव कर दिया है। कोरोना संक्रमण संकट के चलते दो साल से 70 बरस से अधिक उम्र के लोगों को हज यात्रा प्रक्रिया में शामिल नहीं किया जा रहा था। हालांकि वर्ष 2020 तथा इस साल आवेदन प्रक्रिया तो शुरू की गई थी। मगर कोविड के चलते देश से हाजियों के काफिले सऊदी अरब नहीं जा सके।
हज यात्रा 2022 के लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया भी प्रारंभ हो चुकी है। इसकी अंतिम तिथि 31 जनवरी तय की गई है। हज कमेटी के आदेशानुसार 70 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्गों को लॉटरी प्रक्रिया से नहीं गुजरना होगा। उनको आरक्षित श्रेणी का ही लाभ मिलेगा। अब तक हज पर जाने के लिए अधिकतम आयु 65 वर्ष निर्धारित थी। हज कमेटी के इस आदेश से जीवन के आखिरी पड़ाव पर हज यात्रा पर जाकर मक्का-मदीना का दीदार करने के इच्छुक वृद्धजनों में खुशी है।
इंतजार खत्म, मिलेगा लाभ
जिला हज कमेटी के प्रशिक्षक मोहम्मद जमील ेलखूवाली ने बताया कि हज कमेटी के नए आदेश में े70 वर्ष व इससे अधिक आयु के हज आवेदक को हज यात्रा करने की मंजूरी दी गई है। जिनकी उम्र 31 मई 2022 को 70 साल या उससे अधिक हो चुकी हो चुको, वे अपने एक करीबी रिश्तेदार के साथ हज पर जा सकेंगे। उनका चयन लॉटरी से नहीं बल्कि रिजर्व कैटेगरी से होगा।
पिछले चयनितों पर नहीं निर्णय
बीते साल कोरोना संक्रमण के चलते हज यात्रा निरस्त कर दी गई थी। जबकि हाजियों के चयन, पहली किस्त की राशि जमा कराने तथा हज प्रशिक्षण तक की प्रक्रिया पूर्ण हो चुकी थी। अब अगले साल की हज यात्रा के लिए आवेदन मांगे जा रहे हैं। मगर बीते वर्ष के चयनितों को इस साल चयन में वरीयता देने संबंधी कोई फैसला नहीं किया गया है। जिले से 111 जनों का चयन हज यात्रा के लिए किया गया था।
बढ़ोतरी का अनुमान
कोरोना संक्रमण के दृष्टिगत अगले साल विशेष एहतियात के साथ हज यात्रा कराई जाएगी। इसलिए हज यात्रा का खर्च भी करीब एक लाख रुपए बढ़ गया है। ग्रीन कैटेगरी में हज यात्रा का खर्च साढ़े तीन से सवा चार लाख रुपए तक जा सकता है। हालांकि अभी तक इस संबंध में कोई आदेश जारी नहीं हुआ है।