
संगरिया। महिला कांस्टेबल के पति ने पुलिस थाना के सामने बने क्वार्टर में फांसी लगाकर ईहलीला समाप्त कर ली। संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बावजूद परिजनों ने कोई कार्रवाई नहीं करवाई। जिस पर पुलिस ने मुर्दाघर से करीब 12 बजे शव परिजनों को सौंप दिया।
थानाधिकारी मोहरसिंह पूनियां ने बताया कि टिब्बी में पदस्थापित महिला कांस्टेबल मीना के पति हनुमानगढ़ टाऊन निवासी सुनील कुमार धानका ने सोमवार देर शाम को फंदा बनाकर पंखे से लटककर अपनी जान दे दी।
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घटना का पता उस वक्त लगा जब मीना ने अपने पति को कई बार फोन किए, पर उसने कोई जवाब नहीं दिया। इस पर मीना ने पुलिस थाना में फोन करके पता करने को कहा तो हादसे की जानकारी मिली।
मृतक चौटाला बाईपास स्थित एक पैट्रोल पंप पर काम करता था। मृतक की तीन साल की बेटी व सात साल का बेटा है। पुलिस कर्मियों के अनुसार दंपती के मध्य काफी प्यार था और किसी तरह की बात नहीं सुनी जो ऐसा कदम उठाने के लिए मजबूर करे।
घटना से पूर्व दोनों के बीच मोबाइल पर बातचीत हुई है। मीना सुबह बेटी को लेकर ड्यूटी पर हनुमानगढ़ और सुनील पैट्रोल पंप पर गया था। सुनीन भी स्वभाव व व्यवहार का बढिय़ा इंसान था।
पूनियां ने बताया कि फांसी लगाने के कारणों का अभी तक पता नहीं चल सका। शव को रात में ही सरकारी अस्पताल के मोर्चरी रुप में रखवा दिया था। मंगलवार सुबह शव परिजनों के पहुंचने पर बिना कार्रवाई किए सौंप दिया। मौके पर एसआई मांगेराम, पूर्व पालिकाध्यक्ष जयपाल धारणियां, पूर्व आरएसी इंचार्ज संतराम, मृतक के भाई व अन्य परिजन थे।
फाेटाे- संगरिया अस्पताल के मुर्दाघर से शव लेकर जाते परिजन
Published on:
03 Apr 2018 02:36 pm
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