मेट्रो अधिकारियों के अनुसार, इंदौर मेट्रो में डीसी (डायरेक्ट करंट) आधारित प्रणाली का उपयोग किया जा रहा है, जबकि उज्जैन मेट्रो के लिए एसी (अल्टरनेटिंग करंट) आधारित संचालन का प्रस्ताव है। अलग - अलग विद्युत प्रणालियों के कारण दोनों कॉरिडोर को सीधे तौर पर जोड़ना आसान नहीं है। ऐसे में अब जो नई योजना सामने आई है, उसके तहत उज्जैन से आने वाली मेट्रो को एयरपोर्ट तक लाने पर विचार किया जा रहा है। इससे यात्रियों को एयरपोर्ट की सीधी कनेक्टिविटी मिल सकेगी। वहीं शहर के भीतर चलने वाली मौजूदा मेट्रो लाइन अपने निर्धारित रूट पर ही संचालित होगी।