4 सितंबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

अनचाहे कॉल्स और स्पैम मैसेज से मिलेगा छुटकारा, TRAI ने किए नियमों में बदलाव

टेलिकॉम रेग्युलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने गुरुवार को परेशान करने वाली कॉल्स और स्पैम को लेकर नए नियमों की घोषणा की है।
2 min read
Google source verification
unwanted calls

अनचाहे कॉल्स और मैसेज से अब नहीं होंगे परेशान, कंपनियों पर लगेगा 50 लाख रुपए का जुर्माना

नर्इ दिल्ली। मोबाइल फोन पर आने वाले अनचाहे काॅल्य आैर मैसेज से लोग अब काफी परेशान हो चुके हैं। जिससे देश की जनता को जल्द ये जल्द मुक्ति मिलने जा रही है। सरकारी संस्था टेलिकॉम रेग्युलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (ट्राई) ने अहम कदम उठा लिया है। अगर सबकुछ ठीक रहा तो इसका असर आपको कुछ ही दिनों में दिखना भी शुरू हो जाएगा। आपको अनचाही काॅल्स आैर मैसेज से परेशान नहीं होना पड़ेगा।

ट्रार्इ ने जारी किए नए नियम
अब आपकी अनचाहे कॉल्स और मेसेज की परेशानी जल्द जड़ से खत्म होने जा रही है। इसके लिए टेलिकॉम रेग्युलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने गुरुवार को परेशान करने वाली कॉल्स और स्पैम को लेकर नए नियमों की घोषणा की है। जिसके तहत टेलिमार्केटिंग मेसेज भेजने के लिए यूजर की सहमति को अनिवार्य कर दिया गया है।

जरूरी हो गया था बदलाव
रेग्युलेटर ने टेलिकॉम ऑपेरटर्स को यह भी कहा है कि वो सुनिश्चित करें कि कमर्शियल कम्युनिकेशन केवल रजिस्टर्ड सेंडर्स के माध्यत से ही किए जाएं। ट्राई ने कहा कि रेग्युलेशन में बदलाव करना काफी जरूरी हो गया था। एेसे में यह नए निसम यूजर्स को स्पैम से हो रही परेशानी से दूर रखने में कामयाब होंगे।

सब्सक्राइबर्स की सहमति होगी जरूरी
नए नियमों के तहत मैसेज भेजने वाले सेंडर्स आैर हेडर्स के रजिस्ट्रेशन और सबसे बढ़कर सब्सक्राइबर्स की सहमति को अनिवार्य कर दिया गया है। ट्राई के अनुसार कुछ टेली मार्केटिंग कंपनियां इस आधार पर ग्राहकों की मंजूरी का दावा करती हैं, जो उन्होंने चोरी छिपे तरीके से हासिल की होती हैं। नए नियमों के तहत यह व्यवस्था होगी कि उपभोक्ताओं का अपनी मंजूरी पर पूरा नियंत्रण होगा। उनके पास पहले दी गई मंजूरी को वापस लेने का भी विकल्प होगा।

50 लाख रुपए का तक जुर्माना
ट्राई के मुताबिक नया नियम सब्सक्राइबर्स को सहमति पर पूर्ण नियंत्रण देता है और पहले दी गई सहमति को वापस भी ले सकता है। सब्सक्राइबर्स की सहमति रजिस्ट्रेशन से मौजूदा नियमों का दुरुपयोग रुक सकता है। नियमों के उल्लंघन पर जुर्माने का प्रावधान भी किया गया है। उल्लंघन करने पर 1,000 रुपए से लेकर 50 लाख रुपए तक का जुर्मना लगाया जा सकता है।