21 सितंबर 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

ठंड में बच्चों में बढ़ी कान और गले की समस्या, वायरल बुखार और डायरिया के मामले भी आए सामने

ठंड में बच्चों में बढ़ी कान और गले की समस्या, वायरल बुखार और डायरिया के मामले भी आए सामने
less than 1 minute read
Google source verification
ear and throat troubles

ear and throat troubles

जबलपुर . सर्द हवा और कड़ाके की ठंड से बच्चे सर्दी-जुकाम, खांसी और वायरल बुखार से पीडि़त हो रहे हैं। कई बच्चों को कान, गला और टॉन्सिल में दर्द की समस्या हो रही है। डायरिया के मामले भी आए हैं। जिला अस्पताल, मेडिकल अस्पताल से लेकर शहर के अन्य अस्पतालों में मरीजों की कतार है। शिशु रोग विशेषज्ञों के अनुसार बच्चों को ठीक होने में चार-पांच दिन से लेकर सप्ताहभर का समय लग जा रहा है। उनका कहना है की बच्चों के खान-पान का विशेष ध्यान रखें। घर का ताजा खाना खिलाएं।

सर्द हवा से नहीं हो सीधा संपर्क
शिशु रोग विशेषज्ञों का कहना है कि बच्चों को सर्दी-जुकाम, विंटर डायरिया से बचाने के लिए सर्द हवा के ज्यादा संपर्क में न रहने दें। उन्हें पर्याप्त गरम कपड़े पहनाने के साथ ही सिर और कान अवश्य ढांके।

ये करें उपाय

-फ्रीज से निकाली हुई ठंडी चीजें तत्काल न खिलाएं
-सर्दी जुकाम होने पर ठंडे फल न खिलाएं

-एक-दो दिन से ज्यादा बुखार रहने पर जांच कराएं
-गुनगुना पानी पिलाएं

-विंटर डायरिया होने पर पानी की कमी नहीं होने दें
-सर्दी होने पर डॉक्टर के परामर्श अनुसार भाप दिलाएं

बच्चे विंटर डायरिया, वायरल बुखार से पीडि़त हो रहे हैं। सर्द हवा के संपर्क में ज्यादा रहने पर बच्चों को सर्दी-खांसी के साथ कान, गले, टॉन्सिल के दर्द की समस्या भी हो रही है।

डाॅ. मंजू अग्रवाल, शिशु रोग विशेषज्ञ