
CM भजनलाल शर्मा ने भारत टैक्सी का किया शुभारंभ (पत्रिका क्रिएटिव फोटो)
Bharat Taxi Rajasthan: राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने राजधानी जयपुर के ओटीएस स्थित भगवत सिंह मेहता सभागार से 'भारत टैक्सी' सेवा को हरी झंडी दिखाकर इसका आधिकारिक शुभारंभ किया। इस अवसर पर केंद्रीय सहकारिता राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल और राजस्थान के सहकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम दक सहित कई प्रमुख लोग उपस्थित रहे।
भारत टैक्सी को देश का सबसे बड़ा सहकारिता आधारित मोबिलिटी प्लेटफॉर्म बताया जा रहा है, जिसे 'सहकार टैक्सी को-ऑपरेटिव लिमिटेड' द्वारा संचालित किया जा रहा है। यह मल्टी-स्टेट को-ऑपरेटिव सोसाइटी मॉडल पर काम करता है। इसमें यात्रियों, ड्राइवरों और सहकारिता के जरिए ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया है।
यात्रियों को ओला और उबर जैसी प्रचलित कंपनियों की तुलना में 10 से 15 प्रतिशत तक सस्ती राइड मिलेगी। उदाहरण के तौर पर 11 किलोमीटर तक की यात्रा करने पर ग्राहक को लगभग 25 रुपए की सीधी बचत होगी।
आमतौर पर पीक ऑवर या भारी मांग के दौरान कैब कंपनियां दाम बढ़ा देती हैं। लेकिन भारत टैक्सी में सर्ज प्राइसिंग लागू नहीं होगी।
ग्राहक एक ही मोबाइल एप से बाइक, ऑटो और कैब (टैक्सी) तीनों सेवाओं की बुकिंग कर सकेंगे।
इस प्लेटफॉर्म की सबसे बड़ी खासियत ड्राइवरों को मिलने वाला अधिकार है। निजी कंपनियों में ड्राइवरों को भारी कमीशन देना पड़ता था, जिससे उनकी कमाई का बड़ा हिस्सा कट जाता था। भारत टैक्सी से जुड़े एक ड्राइवर के अनुसार, पिछले दो महीनों के अनुभव में अन्य कंपनियों के मुकाबले उनकी कमाई में 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
उन्हें प्रतिदिन 10 से 12 राइड्स मिल रही हैं। निजी कंपनियों में ड्राइवरों को सिर्फ पार्टनर कहा जाता था, जबकि भारत टैक्सी में उन्हें 'सारथी' का दर्जा देकर प्लेटफॉर्म का सह-स्वामी (मालिक) बनाया गया है। इस सेवा से जुड़ने वाले चालकों को 5 लाख रुपये का दुर्घटना बीमा भी प्रदान किया जा रहा है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने सहकारिता और स्थानीय विकास पर आधारित कई अहम बातें कहीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि गांवों के लोगों को रोजगार के लिए शहरों की तरफ न भागना पड़े, इसके लिए स्थानीय स्तर पर योजनाएं बनाना बेहद जरूरी है। गांव में रोजगार मिलेगा तो पलायन अपने आप रुकेगा। राजस्थान जीरा और इसबगोल के उत्पादन में देश में पहले स्थान पर है, वहीं सोजत की मेहंदी विश्व प्रसिद्ध है। यदि इन क्षेत्रों में प्रोसेसिंग यूनिट्स लगाई जाएं, तो स्थानीय युवाओं को भारी संख्या में रोजगार मिलेगा।
राज्य के हर गांव में सहकारी समिति बनाई जाएगी। इसके अलावा, राज्य का दूध उत्पादन जो वर्तमान में 46 लाख टन है, उसे अगले साल 55 लाख टन और दो वर्षों में 65 लाख टन तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले 5 साल के हिसाब से योजनाएं बनती थीं, लेकिन वर्तमान सरकार ने '2047 विकसित भारत-विकसित राजस्थान' का विजन और रोडमैप तैयार किया है।
गौरतलब है कि 'भारत टैक्सी' केवल एक सवारी बुक करने का एप नहीं है, बल्कि यह सहकारिता के जरिए आम चालकों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने का एक प्रयास है। जहां एक तरफ यात्रियों को बिना किसी अतिरिक्त चार्ज के किफायती राइड मिलेगी। वहीं, दूसरी तरफ चालकों को बिना भारी कमीशन गंवाए सम्मानजनक कमाई और मालिकाना हक प्राप्त होगा।
Updated on:
25 Jul 2026 08:09 pm
Published on:
25 Jul 2026 08:09 pm
