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आनंदपाल एनकाउंटर मामले की सीबीआई जांच का रास्ता साफ

आनंदपाल एनकाउंटर मामले की सीबीआई जांच का रास्ता साफ हो गया है। केंद्र सरकार ने मामले की जांच सीबीआई से जांच कराने पर सहमति दे दी है।

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जयपुर। आनंदपाल एनकाउंटर मामले की सीबीआई जांच का रास्ता साफ हो गया है। केंद्र सरकार ने मामले की जांच सीबीआई से जांच कराने पर सहमति दे दी है।

केंद्रीय कार्मिक विभाग की ओर से राज्य के मुख्य सचिव को भेजे पत्र में कहा गया है कि मामले की जांच सीबीआई को सौंपी जा रही है।

आपको बता दें कि राजस्थान सरकार ने 24 जुलाई को केंद्र सरकार को पत्र भेज मामले की जांच सीबीआई से कराने की सिफारिश की थी, लेकिन 15 नवंबर को सीबीआई ने जांच से मना कर दिया।

इसके बाद 17 दिसंबर को राज्य सरकार ने मामले की सीबीआई जांच को लेकर फिर से रिमाइंडर भेजा था। इसमें प्रदेश में कानून व्यवस्था के बिगडऩे का हवाला दिया गया था। अब केंद्र की ओर से जांच पर सहमति देने से राज्य सरकार को बड़ी राहत मिली है।

मालूम हो कि राजपूत समाज के हिंसक प्रदर्शन के बाद राजस्थान सरकार आनंदपाल मामले की सीबीआई जांच कराने पर राजी हुई थी। राजस्थान सरकार और सर्व समाज संघर्ष समिति के प्रतिनिधियों के बीच बैठक में सीबीआई जांच पर सहमति बनी थी।

सरकार की और से बैठक में गृहमंत्री गुलाब चंद कटारिया, पंचायत राजमंत्री राजेन्द्र राठौड़ और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष अशोक परनामी ने सहमति पर हस्ताक्षर किए थे। सर्वसमाज की और से बैठक में ग्यारह प्रतिनिधि मौजूद रहे। सरकार की ओर से समाज की मांगे मानने के बाद सर्वसमाज संघर्ष समिति और राजपूत समाज ने अपना आन्दोलन वापस ले लिया था।

गौरतलब है कि कुख्यात अपराधी आनंदपाल परबतसर की एक अदालत में पेशी के बाद अजमेर केंदीय कारागृह जाते समय सुरक्षागार्डो की कथित मिलीभगत से फरार हो गया था। पुलिस की विशेष आपरेशन समूह ने फरार आनंदपाल सिंह गिरोह से जुडे और फरारी काटने में मदद करने वाले करीब साठ से अधिक गुर्गों को गिरफ्तार किया।

एसओजी पुलिस के अनुसार गत 23 जून को आनंदपाल सिंह के दो भाईयों को हरियाणा के एक गांव से दबोचने के बाद उससे मिली जानकारी के बाद 24 जून को उसको घेर कर सरेंडर करने का दवाब बनाया लेकिन आनंदपाल ने पुलिस पर गोलीबारी शुरू कर दी और जवाबी कार्रवाई में आनंदपाल सिंह ढेर हो गया था।