
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा (फोटो-@BhajanlalBjp)
जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने संसद में नारी वंदन विधेयक पारित नहीं होने को लेकर विपक्ष पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि नारी सब कुछ भूल सकती है, लेकिन अपमान कभी नहीं भूलती। 17 अप्रैल को विपक्ष ने माता-बहनों के अधिकारों को छीना है और इसका जवाब महिलाएं जरूर देंगी।
रविवार को भाजपा मुख्यालय में मीडिया से बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री ने नारी वंदन विधेयक पर सरकार का पक्ष रखा। इस मौके पर केन्द्रीय महिला एवं बाल विकास राज्य मंत्री सावित्री ठाकुर भी मौजूद रहीं। उन्होंने आरोप लगाया कि विधेयक पारित नहीं होने पर विपक्ष खुशी जता रहा था, जबकि सरकार महिलाओं के हित में हर संभव कदम उठा रही है।
मुख्यमंत्री शर्मा ने कहा कि विपक्ष ने ओछी राजनीति करते हुए महिलाओं के सपनों पर पानी फेर दिया। जिन दलों ने इस विधेयक का समर्थन नहीं किया, वे परिवारवाद की राजनीति करने वाले दल हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इन पार्टियों के नेताओं को डर था कि महिलाएं आगे बढ़कर उनकी राजनीतिक जमीन को कमजोर कर सकती हैं।
उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि विधेयक पारित नहीं होने के बाद जिस तरह जश्न मनाया गया, वह बेहद शर्मनाक था। विपक्ष हमेशा महिलाओं को केवल वोट बैंक के रूप में देखता रहा है। महिला सशक्तिकरण के बड़े-बड़े दावे करने वाले यही दल जरूरत के समय बाधा बन गए।
मुख्यमंत्री ने चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि विपक्ष कान खोलकर सुन ले, महिलाएं इस अपमान को भूलने वाली नहीं हैं और समय आने पर इसका जवाब जरूर देंगी।
इस दौरान सावित्री ठाकुर ने भी विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री ने संसद में स्पष्ट किया था कि इस विधेयक से किसी को नुकसान नहीं होगा। उन्होंने कहा कि जनगणना के बिना आरक्षण लागू नहीं किया जा सकता, इसी कारण यह विधेयक लाया गया। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि 2023 में वोट खिसकने के डर से विपक्ष ने पहले इसका समर्थन किया था।
मीडिया से बातचीत के दौरान मंच पर उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी, भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष राखी राठौड़ सहित अन्य महिला पदाधिकारी भी मौजूद रहीं।
Updated on:
19 Apr 2026 08:01 pm
Published on:
19 Apr 2026 08:01 pm
