7 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

catch_icon

प्लस

epaper_icon

ई-पेपर

profile_icon

प्रोफाइल

Cyber Fraud: त्योहारी सीजन में ऑफर्स व डिस्काउंट देख नहीं हों उतावले, जांच-परख के ही करें शॉपिंग

Festival Shopping : त्योहारी सीजन में नकली वेबसाइट्स, फर्जी लिंक और साइबर फ्रॉड के माध्यम से ठगी की घटनाएं हो रही हैं। नामी वेबसाइट्स की नकल कर नकली वेबसाइट्स बनाई जा रही हैं, जिन पर ऑफर्स व भारी डिस्काउंट जैसे, दस हजार रुपए की खरीद पर चांदी का सिक्का, ब्रांडेड कपड़ों पर 50 से 60 प्रतिशत की छूट दी जा रही है।

2 min read
Google source verification

जयपुर

image

Rajesh Dixit

Oct 20, 2024

जयपुर. त्योहारी सीजन में ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्स पर छूट और आकर्षक ऑफर्स की बाढ़ आई हुई है। आप इन ऑफर्स से प्रभावित होकर ऑनलाइन खरीदारी कर रहे हैं, लेकिन इस दौरान साइबर ठगी की घटनाएं भी तेजी से बढ़ रही हैं। इसलिए ग्राहकों को सतर्क रहना बेहद जरूरी है, ताकि लुभावने ऑफर्स के जाल में फंसकर उनकी जेब न कट जाए।

यह भी पढ़ें: RAS EXAM: बेरोजगारी या प्रशासनिक सेवा का जुनून, रिकॉर्ड आवेदकों की भीड़, एक सीट पर 884 दावेदार


त्योहारी सीजन में नकली वेबसाइट्स, फर्जी लिंक और साइबर फ्रॉड के माध्यम से ठगी की घटनाएं हो रही हैं। नामी वेबसाइट्स की नकल कर नकली वेबसाइट्स बनाई जा रही हैं, जिन पर ऑफर्स व भारी डिस्काउंट जैसे, दस हजार रुपए की खरीद पर चांदी का सिक्का, ब्रांडेड कपड़ों पर 50 से 60 प्रतिशत की छूट दी जा रही है। लोग जल्दबाजी में खरीदारी कर लेते हैं, जिससे उनके बैंक खातों से पैसे उड़ जाते हैं या उन्हें खराब सामान भेज दिया जाता है।

यह भी पढ़ें: CET Exam: परीक्षा सेंटर जारी, 22 से 24 अक्टूबर तक होगी सीईटी की परीक्षा, रोडवेज बसों में मिलेगी निशुल्क सुविधा

बनाते फर्जी वेबसाइट
साइबर एक्सपर्ट सुभाष दाधीच बताते हैं कि साइबर अपराधी फर्जी वेबसाइट्स बनाते हैं। लोग जल्दीबाजी में खरीदारी कर लेते हैं और ठगी का शिकार हो जाते हैं। डिस्काउंट और ऑफर्स के लालच में बैंक अकाउंट्स से रकम गायब हो जाती है या सामान कई दिनों तक नहीं पहुंचता।

सतर्कता के उपाय
1-किसी भी अनजान लिंक, ईमेल या वेबसाइट पर क्लिक करने से पहले उसकी स्पेलिंग और यूआरएल की जांच करें।

2-सोशल मीडिया पर नए सेलर से नगद भुगतान के बजाय कैश ऑन डिलीवरी का विकल्प चुनें।

3-किसी अनचाही कॉल पर ओटीपी या भुगतान की जानकारी साझा न करें।

4-ठगी होने पर राष्ट्रीय साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें या www.cybercrime. gov.in पर रिपोर्ट करें।

केस-एक
मालवीय नगर निवासी प्रीति सैनी के साथ एक स्मार्ट वॉच पर छूट का मैसेज मिलने पर ठगी हुई। लिंक पर क्लिक करने के बाद ओटीपी मांगा गया और 15 हजार रुपए उनके खाते से कट गए।

केस-दो
चौड़ा रास्ता निवासी निधि संगतानी ने इंस्टाग्राम पर एक ऑफर देखकर 6 हजार रुपए में बच्चों के कपड़े ऑर्डर किए, लेकिन कपड़े फटे-पुराने निकले और संपर्क करने पर नंबर बंद मिला।

कैश ऑन डिलीवरी को दें प्राथमिकता
कैश ऑन डिलीवरी को प्राथमिकता दें। जल्दीबाजी में कोई निर्णय न लें और ओटीपी की जानकारी किसी के साथ साझा न करें। साइबर क्राइम की रोकथाम के लिए सोशल मीडिया पर लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
-श्रवण कुमार वैष्णव, थानाधिकारी, साइबर क्राइम

यह भी पढ़ें: Free Travel…बल्ले-बल्ले : 22, 23 व 24 अक्टूबर को राजस्थान सरकार देगी रोडवेज बसों में फ्री सफर की सौगात !


बड़ी खबरें

View All

जयपुर

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग