
Jaipur Gas Cylinder : हनुमान सिटी में एक किराए के मकान में घरेलू गैस सिलेंडरों का जखीरा। फोटो पत्रिका
Jaipur Gas Cylinder : जयपुर में घरेलू गैस सिलेंडरों के अवैध कारोबार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए जिला रसद अधिकारी जयपुर प्रथम और उनकी विशेष टीमों ने गुरुवार को सांगानेर क्षेत्र के दो मकानों से 302 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए। इनमें 98 सिलेंडर भरे हुए थे, जिनमें करीब 1372 किलोग्राम गैस थी। जिसे देखकर अधिकारी चौंक गए। अधिकारियों के अनुसार इतनी बड़ी मात्रा में सिलेंडरों का रिहायशी क्षेत्र में भंडारण किसी बड़े हादसे का कारण बन सकता था।
कार्रवाई के दौरान अवैध कारोबार का मुख्य आरोपी नंदकिशोर साहू फरार हो गया। नंदकिशोर साहू शिक्षा विहार स्थित अपने घर व हनुमानसिटी स्थित एक किराए के मकान से सिलेंडरों की अवैध बिक्री का कारोबार कर रहा था। उसका मोबाइल पिकअप में छूट गया, जिसे टीम ने जब्त कर लिया। रसद विभाग ने सांगानेर सदर थाने में एफआइआर दर्ज कराई है।
जयपुर जिला रसद अधिकारी प्रियव्रत चारण ने बताया कि घरेलू गैस सिलेंडरों के अवैध कारोबार की सूचना पर दबिश दी गई। जिसमें हनुमान सिटी स्थित एक मकान से 247 तथा शिक्षा सागर कॉलोनी के एक मकान से 55 घरेलू सिलेंडर बरामद हुए।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि ग्रामीण क्षेत्रों से घरेलू सिलेंडर लाकर यहां संग्रहित किए जाते थे। मौके पर कुछ व्यावसायिक सिलेंडर भी मिले हैं, जिससे अवैध रिफिलिंग की आशंका जताई जा रही है। मामले की जांच जारी है।
वहीं पत्रिका टीम 22 मई को एक रिपोर्ट में इसकी आशंका जाहिर की थी। रिपोर्ट के अनुसार जयपुर में घरेलू गैस सिलेंडरों की अवैध रिफलिंग का धंधा अब सिर्फ नियमों की अनदेखी नहीं, बल्कि लोगों की जिंदगी से खुला खिलवाड़ बन चुका है। गैस की किल्लत और बढ़ती कीमतों के बीच शहर के कई इलाकों में घरेलू सिलेंडरों से छोटे व्यावसायिक और मिनी सिलेंडरों में धड़ल्ले से गैस भरी जा रही है। गंभीर बात यह है कि यह पूरा खेल बिना किसी सुरक्षा इंतजाम के रिहायशी इलाकों में चल रहा है, जहां एक चिंगारी भी बड़े विस्फोट में बदल सकती है।
अवैध रिफलिंग का कारोबार
जुगाड से ब्लैक में सिलेंडर खरीद और गैस एजेंसियों के डिलीवरी मैन की मिलीभगत से चल रहा है। एक एजेंसी संचालक के अनुसार अवैध रिफलिंग का कारोबार करने वाले डिलीवरी मैन के सम्पर्क में रहते हैं। अगर किसी उपभोक्ता के घर डिलीवरी मैन सिलेंडर लेकर पहुंचता है और उसके पास सिलेंडर खाली नहीं होता है या फिर ओटीपी नहीं होता तो वह सिलेंडर वापिस लेकर चला जाता है। रास्ते में सिलेंडरों की अवैध रिफलिंग करने वाले डिलीवरी मैन से सम्पर्क करते हैं और उसे कुछ रकम देकर सिलेंडर खरीद लेते हैं।
Updated on:
5 Jun 2026, 10:35 AM IST
Published on:
5 Jun 2026, 9:16 AM IST
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