
Jaipur Badi Chaupar Market Fire
Jaipur Fire News: जयपुर के त्रिपोलिया बाजार स्थित सेठी कॉम्प्लेक्स मणिहारी कटला (पुरोहित जी का कटला) में गुरुवार सुबह करीब 7 बजे भीषण आग लग गई। आग दूसरी मंजिल पर कपड़ों की दुकान के बाहर कार्टन में रखे सामान में लगी और देखते ही देखते आसपास की दुकानों और गोदामों तक फैल गई। आग की चपेट में दूसरी मंजिल की 20 से ज्यादा दुकानें आ गईं। इनमें कपड़ों के गोदाम, प्लास्टिक सामान और चूड़ी-बैंगल्स की दुकानें शामिल हैं।
आग लगने के बाद पूरे बाजार में अफरा-तफरी मच गई। आग की लपटें और धुएं का गुबार सुभाष चौक से लेकर चांदपोल तक दिखाई दिया। आग लगने की जगह से कुछ ही दूरी पर माणक चौक थाना है। धुआं उठता देखकर पुलिसकर्मी तुरंत मौके पर पहुंचे और दमकल विभाग को सूचना दी। करीब 8 बजे दमकल की पांच गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का काम शुरू किया। बाद में मौके पर आधा दर्जन के करीब दमकल वाहन, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी राहत एवं बचाव कार्य में जुटे रहे।
दुकानों के अंदर कपड़े, प्लास्टिक और अन्य ज्वलनशील सामान होने के कारण आग बुझाने में दमकलकर्मियों को काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। बाजार की दुकानें आपस में जुड़ी होने और शटर बंद होने के कारण अंदर धुआं भर गया। वहीं, संकरी गलियों के कारण दमकल वाहनों को मौके तक पहुंचने में भी परेशानी हुई।
व्यापारियों के अनुसार, जिस मंजिल पर आग लगी है, उसके ऊपर रेस्टोरेंट भी संचालित किया जा रहा है। व्यापारियों ने आरोप लगाया कि रेस्टोरेंट अवैध रूप से चल रहा है। उनका कहना है कि मकर संक्रांति के दौरान भी इसी रेस्टोरेंट से जुड़ी जगह पर छत पर आग लगने की घटना हुई थी। इस संबंध में माणक चौक थाने में शिकायत भी दी गई थी।
पुरोहित जी का कटला महिलाओं के कपड़ों, साड़ियों, ब्राइडल लहंगों और शादी के सामान का प्रमुख थोक बाजार है। स्थानीय व्यापारियों के मुताबिक बाजार में 535 से ज्यादा दुकानें हैं और यहां रोजाना बड़ी संख्या में लोग आते हैं। व्यापारियों का आरोप है कि बाजार में लगाए गए कई फायर हाइड्रेंट खराब हैं या उनके वाल्व और कपलिंग गायब हैं।
दुकानों के आसपास खुले बिजली के स्विच और लटकते तार भी खतरा बने हुए हैं। वहीं अतिक्रमण के कारण बाजार की करीब 5 फीट चौड़ी सड़क कई जगह घटकर 2 फीट तक रह गई है। व्यापारियों का कहना है कि दुकानों के अंदर से ज्यादा सामान बाहर रखा रहता है, जिससे आपात स्थिति में आवाजाही और राहत कार्य प्रभावित हो सकता है।
Updated on:
17 Sept 2026 10:00 am
Published on:
17 Sept 2026 09:31 am
