
जयपुर का गोविंद मार्ग 100 फीट चौड़ा होगा। Photo: AI generated
जयपुर। गोविंद मार्ग को मास्टरप्लान के अनुरूप (100 फीट चौड़ा) करने में 189 बाधाएं हैं। इनमें से 174 निर्माणों पर सरकार स्तर फैसला होगा। क्योंकि निगम ने इन भूखंडधारियों को 60 फीट पर पट्टे जारी किए हुए हैं। इस वर्ष मार्च में नगर निगम ने सर्वे पूरा कर लिया, कुछेक को नोटिस भी जारी किए गए। लेकिन मुआवजे को लेकर अब तक कोई फैसला नहीं हुआ है। गोविंद मार्ग को लेकर जल्द जेडीए में बैठक होगी।
जेडीए अधिकारियों का कहना है कि ट्रैफिक कंट्रोल बोर्ड की बैठक के बाद प्रस्ताव राजस्थान सरकार को भेजा जाएगा। भजनलाल सरकार के स्तर पर मुआवजे का फैसला लिया जाएगा। निगम के सर्वे पर गौर करें तो कई भूखंडों की बाउंड्रीवाल से लेकर गार्ड रूम सड़क सीमा क्षेत्र में आ रहे हैं।
गोविंद मार्ग पर वाहनों का दबाव बढ़ता जा रहा है, यही वजह है कि इसे मास्टरप्लान के अनुरूप विकसित करने पर अब काम शुरू हुआ है। हालांकि, पूर्व में भी जेडीए और नगर निगम कवायद कर चुके हैं। विधानसभा में भी मामला उठ चुका है। निगम अधिकारियों का कहना है कि 60 फीट मानते हुए जिन 174 भूखंडधारियों को पट्टे पूर्व में जारी किए गए हैं, उनसे जमीन लेना महंगा सौदा होगा। करोड़ों रुपए निगम को चाहिए।
ये भी आ रहे जद में: निजी मकानों के अलावा धार्मिक स्थल, शैक्षणिक संस्थान और अस्पताल भी शामिल हैं।
आदर्श नगर जोन: फतेह टीबा, आदर्श नगर, सेठी कॉलोनी व जनता कॉलोनी।
मालवीय नगर जोन: उनियारा गार्डन, फतेह टीबा व राजा पार्क।
मालवीय नगर जोन-06
आदर्श नगर जोन-09
(100 फीट मार्ग मानते हुए)
ग्राउंड सर्वे में सामने आया है कि गोविंद मार्ग पर कई दुकानें शून्य सेटबैक पर बनी हुई हैं, यानी सड़क खत्म होते ही दुकानों का शटर शुरू हो जाता है। कुछ दुकानें ऐसी भी हैं, जिनके पास वर्ष 1964 की निर्माण स्वीकृति है। इसके अलावा कई आलीशान निजी आवासों में बाहर बने गार्ड रूम से लेकर बड़ी कम्पाउंड वॉल (चारदीवारी) तक इस 100 फीट की सीमा के भीतर आ चुके हैं।
गोविंद मार्ग पर बसों को वन-वे कर त्रिमूर्ति सर्कल से जवाहर नगर बायपास होते हुए निकाला जा रहा है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि प्रशासन केवल कागजी आदेश जारी करता है, जबकि धरातल पर ट्रैफिक मैनेजमेंट फेल है। जवाहर नगर बायपास पर यातायात का अत्यधिक दबाव बन गया है। जानकारों के अनुसार, जवाहर नगर बायपास पर एलिवेटेड रोड ही इस समस्या का स्थायी समाधान हो सकता है।
Updated on:
22 May 2026 10:24 am
Published on:
22 May 2026 07:29 am
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