
jaipur traffic police (प्रतीकात्मक तस्वीर)
Traffic News: जयपुर में अब यातायात नियमों की अनदेखी करना चालकों को बहुत भारी पड़ रहा है। जयपुर महानगर प्रथम की मोबाइल कोर्ट ने ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए अधिकतम अभियोजन व्यय लगाना शुरू कर दिया है। यह कार्रवाई सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक कठोर और स्पष्ट संदेश देने के उद्देश्य से की जा रही है।
यह सख्ती न्यायालय अतिरिक्त सिविल न्यायाधीश एवं न्यायिक मजिस्ट्रेट कम-13 व 14 के पीठासीन अधिकारी रोहित शर्मा (आर.जे.एस.) और हिमांशू चावला (आर.जे.एस.) के नेतृत्व में की जा रही है। अभियोजन अधिकारी संदीप कुमार मूंड व मोहन शर्मा ने बताया कि न्यायालयों द्वारा दोषसिद्धि के बाद अधिकतम अभियोजन व्यय आरोपित कर सख्त रुख अपनाया जा रहा है।
न्यायालय का यह सख्त रुख गंभीर मामलों, विशेषकर नशा (शराब) में वाहन चलाने वाले चालकों पर केंद्रित है। न्यायालय ने सख़्ती दिखाते हुए कई गंभीर प्रकरणों में भारी अभियोजन व्यय लगाया है। जे.एम. 13 प्रथम न्यायालय ने राजेश (RJ14GQ4169) और रामअवतार (RJ14PF1084) पर ₹18-18 हजार का अभियोजन व्यय यानी जुर्माना लगाया गया। जे.एम. 14 प्रथम न्यायालय ने रतिराम गुर्जर (RJ26CA9648) पर ₹14,000/- और सुधीर शर्मा (MH43X4832) पर ₹15,000/- का अभियोजन व्यय यानी जुर्माना लगाया। ये बड़े जुर्माने नशे में ड्राइविंग के खिलाफ एक कड़ा निवारक साबित हो रहे हैं।
अभियोजन अधिकारी ने बताया कि चैकिंग के दौरान एक बस (RJ14PD7516) को यातायात नियम का उल्लंघन करते हुए पाया गया। मोबाइल कोर्ट ने तुरंत कार्रवाई करते हुए बस को मौके पर ही ज़ब्त कर लिया। हालांकि, कोर्ट ने आमजन की सुविधा का पूरा ध्यान रखा। बस में मौजूद यात्रियों को वहीं पर सवारी खाली करवाकर उनके गंतव्य तक जाने के लिए अन्य साधन उपलब्ध करवाया गया, जिससे उन्हें किसी तरह की असुविधा न हो। जयपुर में मोबाइल कोर्ट की यह सख्ती स्पष्ट संकेत देती है कि सड़क सुरक्षा को अब हल्के में नहीं लिया जाएगा और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
Updated on:
05 Dec 2025 07:57 am
Published on:
05 Dec 2025 07:57 am
