
राजस्थान हाईकोर्ट के नए CJ जस्टिस संजय के. अग्रवाल - File PIC
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शनिवार रात एक आधिकारिक आदेश जारी करते हुए छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के वरिष्ठ न्यायाधीश जस्टिस संजय के. अग्रवाल को राजस्थान हाईकोर्ट का नया मुख्य न्यायाधीश (Chief Justice) नियुक्त करने का वारंट जारी कर दिया है। राष्ट्रपति के वारंट के तुरंत बाद केंद्र सरकार के कानून एवं न्याय मंत्रालय ने भी उनकी आधिकारिक नियुक्ति की अधिसूचना जारी कर दी है। इस महत्वपूर्ण नियुक्ति के साथ ही राजस्थान हाईकोर्ट को करीब 11 महीने के लंबे इंतजार के बाद आखिरकार अपना नियमित और स्थायी मुख्य न्यायाधीश मिल गया है।
हाईकोर्ट प्रशासन से प्राप्त जानकारी के अनुसार, सोमवार सुबह साढ़े नौ बजे शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया जा सकता है। राज्यपाल हरिभाऊ बागडे राजभवन में आयोजित होने वाले एक गरिमामय समारोह में जस्टिस संजय के. अग्रवाल को राजस्थान हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाएंगे।
राजस्थान हाईकोर्ट में मुख्य न्यायाधीश का पद काफी समय से कार्यवाहक व्यवस्था के तहत चल रहा था। इस प्रशासनिक शून्यता को खत्म करने के लिए सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने इसी सप्ताह जस्टिस संजय के. अग्रवाल को राजस्थान हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाने की औपचारिक सिफारिश केंद्र सरकार को भेजी थी।
केंद्र सरकार और राष्ट्रपति भवन से त्वरित मंजूरी मिलने के बाद शनिवार देर रात अधिसूचना जारी कर दी गई। कॉलेजियम की इस सिफारिश के तहत देशभर के कई अन्य हाईकोर्ट में भी नए मुख्य न्यायाधीशों की नियुक्तियां की गई हैं, जिसमें राजस्थान हाईकोर्ट के जस्टिस पुष्पेंद्र सिंह भाटी को जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाया गया है।
15 जुलाई 1965 को छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के ऐतिहासिक नगर रतनपुर में जन्मे जस्टिस संजय के. अग्रवाल एक बेहद सम्मानित, जमीनी और समृद्ध न्यायिक पृष्ठभूमि वाले व्यक्तित्व हैं। उनके पिता श्री वीरेंद्र अग्रवाल और माता श्रीमती चमेली अग्रवाल हैं। उन्होंने अपनी शुरुआती स्कूली शिक्षा रतनपुर से पूरी करने के बाद गुरु घासीदास विश्वविद्यालय, बिलासपुर से विज्ञान स्नातक (B.Sc.) और कानून स्नातक (LL.B.) की डिग्रियां प्राप्त कीं। इसके बाद उन्होंने पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय, रायपुर से मास्टर ऑफ लॉज (LL.M.) की उच्च शिक्षा हासिल की।
3 जनवरी 1989 को एक अधिवक्ता के रूप में अपना करियर शुरू करने वाले जस्टिस अग्रवाल ने बिलासपुर जिला अदालत, मध्य प्रदेश हाईकोर्ट (जबलपुर) और छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में लंबे समय तक सिविल, क्रिमिनल और संवैधानिक मामलों में वकालत की। वे छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) सहित कई प्रतिष्ठित संस्थानों के स्थायी वकील रहे और न्यायाधीश बनने से पहले छत्तीसगढ़ के महाधिवक्ता (Advocate General) के शीर्ष संवैधानिक पद को भी संभाल चुके हैं।
जस्टिस संजय के. अग्रवाल का न्यायिक सफर बेहद प्रभावशाली रहा है। उन्हें सितंबर 2013 में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट का अतिरिक्त न्यायाधीश नियुक्त किया गया था, जिसके बाद मार्च 2016 में वे स्थायी न्यायाधीश बने। हाल ही में उन्हें छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट का कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश भी बनाया गया था।
कानूनी मामलों की गहरी समझ, निष्पक्ष कार्यशैली और स्पष्ट निर्णयों के लिए पहचाने जाने वाले जस्टिस अग्रवाल के राजस्थान हाईकोर्ट का सीजे बनने से राज्य में लंबित मुकदमों के त्वरित निस्तारण और न्यायिक प्रशासन में नई गति आने की पूरी उम्मीद जताई जा रही है।
सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की सिफारिशों के आधार पर देश के विभिन्न हाईकोर्ट में भी नए मुख्य न्यायाधीशों की नियुक्तियां की गई हैं:
जस्टिस पुष्पेंद्र सिंह भाटी: जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख हाईकोर्ट
जस्टिस वी. कामेश्वर राव: पटना हाईकोर्ट
जस्टिस रविंद्र वी. घुगे: कलकत्ता हाईकोर्ट
जस्टिस महेश चंद्र त्रिपाठी: बॉम्बे हाईकोर्ट
जस्टिस अश्वनी कुमार मिश्रा: पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट
जस्टिस कृष्ण राम महापात्र: छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट
जस्टिस अल्पेश यशवंत कोगजे: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट
Updated on:
06 Sept 2026 10:13 am
Published on:
06 Sept 2026 07:22 am
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