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मसाला चौक मामला: न मालिकाना हक और न एनओसी, फिर भी किराए पर देने का फैसला

कियोस्क-एम्पीथिएटर किराए पर देने पर लगाई मुहर
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Jaipur News

मसाला चौक मामला: न मालिकाना हक और न एनओसी, फिर भी किराए पर देने का फैसला

जयपुर . हाईकोर्ट के आदेश और सार्वजनिक निर्माण विभाग की प्राथमिक रिपोर्ट के बावजूद जेडीए मनमानी पर उतर आया है। मालिकाना हक और एनओसी नहीं होने के बावजूद मसाला चौक के बाकी 7 कियोस्क और एम्पीथिएटर को किराए पर चलाने का आधिकारिक फैसला कर लिया है। जेडीए के फैसले के मुताबिक अब एम्पीथिएटर व हरियाली क्षेत्र को 35 हजार रुपए प्रतिदिन के हिसाब से किराए पर दिया जा सकेगा। हालांकि अब तक जमीन का मालिकाना हक सार्वजनिक निर्माण विभाग का है। जेडीए ने उसकी जमीन पर न केवल निर्माण कर लिया बल्कि जगह किराए पर भी दे दी।

कोर्ट के आदेश की अवहेलना : विभाग

पीडब्ल्यूडी प्राथमिक रिपोर्ट में कह चुका है कि जेडीए ने यहां मसाला चौक का निर्माण कर हाईकोर्ट के आदेश की अवहेलना की है। इसके बावजूद जेडीसी वैभव गालरिया ने फैसला करा लिया और जेडीए की सोमवार को हुई कार्यकारी समिति की बैठक में यह एजेंडा स्वीकृत कर दिया गया।

कोर्ट नहीं बता रहा गलत : जेडीसी

बैठक में मसाला चौक व एम्पीथिएटर से जुड़े ३ एजेंडे रखे गए। चर्चा शुरू हुई तो वरिष्ठ अधिकारियों ने कोर्ट के आदेश के तहत काम करने की याद दिलाई। इस पर जेडीसी वैभव गालरिया का तर्क था, गलत तो मीडिया बता रहा है, कोर्ट नहीं। जबकि सच यह है कि इस मामले में हाईकोर्ट नोटिस जारी कर चुका है।

किराया बढ़ाया

कंसलटेंट हावी, कियोस्क में वैरायटी सातों कियोस्क का किराया 20 हजार रुपए प्रतिमाह होगा। अभी तक अन्य से 10 हजार रुपए प्रतिमाह लिया जा रहा है, जो काफी कम है।

मसाला चौक में 8 कियोस्क हैं। इनमें से एक जेल विभाग को नि:शुल्क दिया जाएगा। अन्य 7 में वैरायटी तय की गई है। इनमें कुल्फी-ज्यूस, सिंधी व्यंजन, गुजराती, मारवाड़ी सहित मांसाहारी भी रहेगी। जबकि यहां पहले से एक कियोस्क मांसाहरी व्यंजन के लिए दिया हुआ है। इसमें भी कमेटी का हवाला दिया गया, जिसमें कंसलटेंट नीता कपूर की प्रमुख भूमिका सामने आती रही है।

कलाकार को नि:शुल्क, मगर स्तर ही तय नहीं

कलाकार, कलाकार समूह को एम्पीथिएटर नि:शुल्क दिया जाएगा लेकिन ये किस स्तर के होंगे पता ही नहीं है। केवल कला एवं संस्कृति को बढ़ावा देने को आधार बना दिया गया। जेडीए स्तर पर ही स्टेज, लाइट, पानी, सोफा, कुर्सी, फोटोग्राफी, वीडियोग्राफी, सफाई की व्यवस्था का भी भार होगा।

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