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Bhilwara Rape Case : गहलोत सरकार पर ‘विरोधियों’ के चौतरफा हमले, इस बीच अब सचिन पायलट का आया ये बड़ा बयान

Rajasthan Bhilwara 14 year Minor Gang Rape Sachin Pilot reacts : गहलोत सरकार पर 'विरोधियों' के चौतर्फी हमले, इस बीच अब सचिन पायलट का आया ये बड़ा बयान

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गोविंद के दर Sachin पायलट : ये मांगा आर्शिवाद

गोविंद के दर Sachin पायलट : ये मांगा आर्शिवाद

जयपुर।

राजस्थान के भीलवाड़ा में एक 14 वर्षीय किशोरी के अपहरण के बाद उससे गैंगरेप, हत्या और जला दिए जाने का मामला गरमाया हुआ है। विरोधी दल भाजपा जहां इस खौफनाक वारदात के साथ बिगड़ती क़ानून व्यवस्था का मुद्दा जयपुर से लेकर दिल्ली तक से उठा रही है, तो वहीं अब इस मामले को लेकर पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट की भी प्रतिक्रिया सामने आई है।

पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट ने अपनी ट्वीट प्रतिक्रया में भीलवाड़ा घटना को दरिंदगी और विचलित करने वाली घटना करार दिया है। उन्होंने लिखा, ''भीलवाड़ा के कोटड़ी क्षेत्र में नाबालिग लड़की के साथ हुई दरिंदगी की खबर से हृदय बेहद विचलित है। बेटियों-महिलाओं पर किसी भी प्रकार का अत्याचार स्वीकार्य नहीं है।''

पायलट ने आगे लिखा, '' इस प्रकार का अमानवीय कृत्य करने वाले अपराधियों पर कठोरतम कार्यवाही करते हुए उन्हें कड़ी से कड़ी सजा दी जानी चाहिए। साथ ही पीड़ित परिवार को भी शीघ्र न्याय दिलाया जाना चाहिए।

पुलिस की भारी लापरवाही आई सामने

किशोरी से गैंगरेप के बाद हत्याकर शव को कोयले की भट्टी में झोंक देने के मामले में भीलवाड़ा पुलिस की लापरवाही सामने आई है। तलाश करने के बाद भी किशोरी नहीं मिलने पर बुधवार रात परिजन रिपोर्ट लेकर कोटड़ी थाना गए थे। लेकिन पुलिस ने परिजन के दर्द को हल्के में लिया और किशोरी की तलाशना तो दूर उन्हें थाने से टरका दिया। नतीजा यह रहा कि आरोपियों को किशोरी का शव जलाने का पूरा मौका मिला।

पुलिस की ओर से समय पर तलाश की जाती तो सम्भवतया किशोरी का शव तो बरामद किया ही जा सकता था। आरोपियों ने किशोरी की जान तो दोपहर बाद ही ले ली थी, शव को डेरे में छिपा दिया था और शव को कोयले की भट्टी में जलाने के लिए रात होने का इंतजार किया। परिजन थाने से लौट रहे थे तो उनको जलती भट्टी नजर आई। जबकि थाने जाते समय भट्टी नहीं जल रही थी। बारिश के मौसम में भट्टी जलती देखकर परिजनों की शंका की सुई घूमी।

जो काम पुलिस को करना था, परिजनों ने कर दिखाया

पुलिस को किशोरी को तलाशना था। लेकिन पुलिस का काम परिजनों ने कर दिखाया। ज्योहीं वह भट्टी के पास गए तो उसमें से मानव के जलने जैसी दुर्गंध आई। किशोरी के चचेरे भाई ने भट्टी की राख को लकड़ी से खंगाला। लकड़ी में एक कड़ा फंसा मिला। कड़ा बाहर आते ही परिजनों ने पहचान लिया। इसी कड़े को किशोरी ने पहन रखा था। पास ही उसका जूता भी मिल गया। ग्रामीणों ने भट्टी को बुझाया। इस दौरान डेरों में मौजूद चार जनों को भी परिजनों और उनके साथ आए ग्रामीणों ने दबोच कर बैठा लिया। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने आसपास के इलाके में तलाशी ली तो वहां खून से सना शर्ट मिला। पकड़े गए संदिग्धों को पुलिस ने थाने पहुंचाया।

पांच भाई-बहनों में तीसरे नम्बर पर

मृतका के तीन बहनें और दो भाई है। उनमें तीसरे नम्बर की किशोरी है। गांव में मातम पसरा हुआ था। जनप्रतिनिधि और अधिकारियों का आना रात तक जारी रहा। सन्नाटे को लग्जरी गाड़ियों की आवाज चीर रही थी। घटना से गांव में शोक की लहर थी। प्रशासन ने जंगल में बनी सभी भटिटयों को दोपहर में जेसीबी की सहायता से ध्वस्त कर दिया। डेरों में रह रहे लोगों के झोपड़ों को भी नेस्तनाबूद किया। भट्टी में मिले अवशेषों का डीएनए सैंपल लिया गया है। इन सैंपल को परिजनों के डीएनए से मिलान करते हुए जांच के लिए भेजा गया है।