4 सितंबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Rajasthan Election- भाजपा का संदेश: जिसे मैदान में उतारेंगे, उसे ही जिताना है

www.patrika.com/rajasthan-news/
2 min read
Google source verification
Rajasthan Election

भाजपा का संदेश: जिसे मैदान में उतारेंगे, उसे ही जिताना है

जयपुर/रणकपुर। भाजपा में टिकटों को लेकर रायशुमारी दूसरे दिन जारी रही। दो दिन में भाजपा ने 66 विधानसभा सीटों को लेकर रायशुमारी कर ली। रणकपुर में रायशुमारी अब मंगलवार को खत्म हो जाएगी।

भाजपा नेताओं ने कार्यकर्ताओं को साफ संदेश दिया है कि पार्टी किसी को भी चुनाव मैदान में उतारे, कमल का फूल देखकर ही उसे जिताना है। दो दिन से लिए जा रहे फीडबैक में कई विधायकों के प्रति नाराजगी भी सामने आई है।

सोमवार को यहां जोधपुर और उदयुपर संभाग की कुल 35 सीटों के लिए पार्टी के पदाधिकारियों से फीडबैक लिया गया। साथ ही प्रत्याशियों की पसंद और चुनाव जीतने के मुद्दे पर भी विधानसभावार गहनता से मंथन किया गया।

इसमें कार्यकताओं में जोश भरने का प्रयास किया गया। साथ ही चुनावी चौसर के लिए मोहरे तैयार करने पर सुझाव लिए गए। रायशुमारी का दौर सुबह पाली जालोर और सिरोही जिलों के कार्यकर्ताओं से बातचीत से शुरू हुआ।

इन विधानसभाओं से लिए सुझाव
सोमवार को 35 विधानसभा क्षेत्र के कार्यकर्ताओं से एक सील बंद बॉक्स में सुझाव लिए गए। सोजत, मारवाड़ जंक्शन, पाली, जैतारण, बाली, जालोर, सुमेरपुर, आहोर, सांचौर, रानीवाड़ा, भीनमाल, रेवदर, सिरोही, पिण्डवाड़ा, भीम, कुम्भलगढ़, नाथद्वारा, राजसमंद, बेंगू, बड़ी सादड़ीए चित्तौडगढ, कपासन, निम्बाहेड़ा, फलौदी, शेरगढ़, लोहावट, जैसलमेर, पोकरण, चौहटन, बायतु, गुढ़ामलानी, पचपदरा, शिव, सिवाना एवं बाड़मेर विधानसभा क्षेत्र के कार्यकर्ताओं ने चुनावों से सम्बन्धित अपने महत्वपूर्ण एवं गोपनीय सुझाव सील बंद बॉक्स में डाले। विधायकों का हुआ विरोध : जलदाय मंत्री सुरेंद्र गोयल, उपमुख्य सचेतक मदन राठौड़ के प्रति भी नाराजगी सामने आई है। पाली, सोजत और मारवाड़ जंक्शन में भी पदाधिकारियों ने नए चेहरों को तरजीह देने की मांग की। पाली की प्रदूषण की समस्या फीडबैक के दौरान आलाकमान के सामने रखी गई।

वसुंधरा ने कांग्रेस को घेरा
पहले मुख्यमंत्री ने संबोधित करते हुए साफ तौर पर पार्टी को जिताने की अपील की। सीएम ने कहा कि आपसी मनमुटाव को भुलाकर पार्टी को हर हाल में जिताना है, ताकि प्रदेश में विकास की प्रक्रिया सतत चलती रहे। मुख्यमंत्री ने यहां भी कांग्रेस को घेरने में कसर नहीं छोड़ी। उन्?होंने कहा कि कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी ने तो खुद गहलोत सरकार को नाकारा बताते हुए कहा है कि पिछली सरकार और उसके मंत्रियों ने पब्लिक की नहीं सुनी। अब वे जनता से फिर मौका मांग रहे हैं। उन्होंने कहा कि सिर्फ हमारी सरकार ही प्रदेशवासियों और कार्यकर्ताओं के बीच जाकर उनकी राय से बजट बनाती है और उनकी मांग के आधार पर ही विकास करवाती है। चुनाव के टिकट भी जनता से राय लेकर ही देती है।

बड़ी खबरें

View All

जयपुर

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग