
राजस्थान में पेपर लीक मामले में शिक्षा विभाग ने बड़ा एक्शन लिया है। पेपर लीक मामले में गिरफ्तार ग्रेड थर्ड टीचर राजेंद्र कुमार यादव को राजकीय सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। एसओजी ने फरवरी महीने में यादव को गिरफ्तार किया था। उसकी जेईएन भर्ती परीक्षा-2020 में मिलीभगत सामने आई थी। उसी दौरान शिक्षा विभाग ने यादव को सस्पेंड कर दिया था।
एक आदेश में जिला शिक्षा अधिकारी (मुख्यालय) सुनील कुमार सिंघल ने लिखा कि जयपुर के खातीपुरा स्थित शहीद मेजर दिग्विजय सिंह सुमाल राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल में पोस्टेड राजेंद्र कुमार यादव हाल निलंबित ने पेपर लीक करने जैसे अवैध और अनैतिक काम किया जो घोर अपराध की श्रेणी में आता है।
इनको अब आगे राजकीय सेवा में रखना अवांछनीय होगा। ऐसे में राजेंद्र कुमार यादव को राजस्थान सिविल सेवाएं नियम 1958 के नियम 19 के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए तत्काल प्रभाव से राज्य सेवा से बर्खास्त किया जाता है।
बता दें कि यादव की एसआई भर्ती परीक्षा-2021 में भी मिलीभगत सामने आई थी। एसओजी की जांच में सामने आया कि यादव ने अपने बेटे और बहू को भी जेईएन और शिक्षक भर्ती का पेपर पढ़ाया था। राजेंद्र का बेटा पीडल्ब्यूडी विभाग में कार्यरत है। वहीं बेटे की पत्नी ग्रेड फर्स्ट टीचर है।
बता दें कि कनिष्ठ अभियंता पेपर लीक मामले में शिक्षक राजेन्द्र यादव, पटवारी हर्षवर्धन, लाइब्रेरियन राजेन्द्र कुमार यादव उर्फ राजू व शिवरतन मोट को गिरफ्तार किया गया था। आरोपी शिक्षक से पूछताछ के बाद पेपरलीक सरगना जगदीश बिश्नोई का नाम सामने आया था। अनुसंधान में सामने आया था कि शिक्षक राजेन्द्र यादव लंबे समय से पेपर लीक गिरोह से जुड़ा था।
Updated on:
26 Mar 2025 07:12 pm
Published on:
26 Mar 2025 07:12 pm
