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3 माह बाद पूर्व CM अशोक गहलोत का दिल्ली दौरा, क्या हैं इसके मायने? मिल सकती है ये बड़ी जिम्मेदारी

Rajasthan: राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत आज शाम दिल्ली दौरे पर जा रहे है। जहां गहलोत की कांग्रेस आलाकमान सहित कई नेताओं से मुलाकात होगी। चर्चा है कि उनको अहम जिम्मेदारी मिलने जा रही है।
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जयपुर

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Lokendra Sainger

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Updated: 12 Sep 2024, 4:06 PM IST

Rajasthan: राजस्थान की राजनीति में कई दिनों से शांत रह रहे पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत (Former CM Ashok Gehlot) फिर से चर्चा में हैं। बताया जा रहा है कि अशोक गहलोत (Ashok Gehlot) आज शाम दिल्ली जा रहे हैं। बता दें करीब तीन महीने के बेड रेस्ट बाद यह उनका पहला सियासी दौरा होगा। माना जा रहा है कि दिल्ली दौरे के दौरान अशोक गहलोत की कांग्रेस आलाकमान सहित कई नेताओं से राजनीतिक मुलाकाते होंगी। वहीं, ये भी चर्चा है कि बहुत जल्द गहलोत को संगठन में किसी बड़े पद की जिम्मेदारी मिल सकती है।

सूत्रों के मुताबिक अशोक गहलोत अपने दिल्ली दौरे के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और महासचिव केसी वेणुगोपाल से मुलाकात कर सकते है।

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राजनीति की धुरी माने जाते हैं गहलोत

दरअसल, राजस्थान में आज भी कांग्रेस की राजनीति की धुरी गहलोत ही माने जाते है, ऐसे में उनके दौरे को लेकर अटकलें लगना लाजमी है। इसके अलावा ये भी बता दें कि वर्तमान में हरियाणा और जम्मू कश्मीर में समय विधानसभा चुनाव हो रहे हैं। और महाराष्ट्र व गुजरात में निकट भविष्य में होने वाले है। पहले का इतिहास देखा जाए तो गहलोत को मुश्किल जिम्मेदारी दी जाती है, जिसे वे अपने राजनीतिक कौशल से आसान बना लेते है। अब देखना होगा क्या जिम्मेदारी दी जाती है?

बताया जा रहा है कि अशोक गहलोत दिल्ली में केंद्रीय नेताओं के साथ चुनावी राज्यों से जुड़ी रणनीति भी बनाएंगे। इसके साथ-साथ मौजूदा हालातों में किन मुद्दों को उठाया जा सकता है और क्या रणनीति अपनाई जाती है, सभी मुद्दों पर नेताओं के साथ मंथन कर सकते हैं। वहीं पार्टी भी गहलोत के राजनीतिक अनुभव को काम में ले सकती है।

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लोकसभा चुनावों में मिली थी बड़ी जिम्मेदारी

मालूम हो कि लोकसभा चुनाव के दौरान भी अशोक गहलोत को कांग्रेस आलाकमान ने बड़ी जिम्मेदारी सौंपी थी। क्योंकि जब राहुल गांधी ने अमेठी से चुनाव ना लड़कर रायबरेली से चुनाव लड़ा तो अमेठी सीट की जिम्मेदारी अशोक गहलोत को दी गई थी। अशोक गहलोत को सीनियर ऑब्जर्वर बनाकर भेजा गया था। इन चुनावों में अमेठी से किशोरी लाल शर्मा को जीत दिलवाने में गहलोत की भूमिका महत्वपूर्ण थी। अमेठी सीट कांग्रेस की परंपरागत सीट रही है और राहुल गांधी तीन बार सांसद रहे हैं। इसलिए यह सीट कांग्रेस परिवार के लिए महत्वपूर्ण थी, जिसे गहलोत ने जीतकर दिखाया था।

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पिछले करीब 3 महीने से अस्वस्थ थे

गौरतलब है कि पूर्व सीएम अशोक गहलोत पिछले करीब 3 महीने से अस्वस्थ चल रहे थे। जयपुर के सिविल लाइन स्थित अपने आवास पर ही वे लगातार डॉक्टरों की निगरानी में रहे और स्वास्थ्य लाभ ले रहे थे। इसके बाद बीते दिनों गहलोत का मुंबई और तमिलनाडू दौरा भी हुआ था।

इस दौरे के बाद उन्होंने अपने एक्स हैंडल पर लिखा था कि, "करीब 3 महीने से भी अधिक समय से L3-L4 में स्लिप डिस्क से पीड़ित होने के कारण मैं घर पर ही स्वास्थ्य लाभ एवं चिकित्सकीय परामर्श ले रहा था। पहले जयपुर, कल मुंबई एवं आज कोयम्बटूर जाकर मैंने अपनी चिकित्सकीय जांच करवाई। अब मैं स्वस्थ हूं। इस बीच आप सभी की चिंताओं का मुझे अहसास रहा। शुभकामनाओं के लिए आपका धन्यवाद।"

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