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जयपुर। अखण्ड भारत गुर्जर महासभा ने आरक्षण दिए जाने की मांग को लेकर विभिन्न संगठनों और राजनीतिक दलों पर गुर्जरों को भ्रमित करने का आरोप लगाते हुए मांग की कि गुर्जरों को अनुसूचित जनजाति में शामिल कर उन्हें आरक्षण का लाभ दिया जाना चाहिए।
महासभा के राष्ट्रीय संयोजक कर्नल डी एस लोहमरोड ने शनिवार को बताया कि विभिन्न राजनीतिक दल और उनके ही समाज के अलग अलग संगठन आरक्षण को लेकर तरह तरह की बयानबाजी कर भ्रम की स्थिति पैदा कर रहे है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि समाज को अनुसूचित जनजाति में शामिल कर आरक्षण का लाभ मिलना चाहिए। उन्होंने राज्य सरकार पर भी गुर्जरों के साथ धोखा किये जाने की बात कही।
लोहमरोड ने कहा कि स्वतंत्रता के बाद से ही गुर्जर सेना में गुर्जर रेजिमेंट की स्थापना की मांग करते आ रहे है और संवैधानिक आरक्षण व्यवस्था के लिए बनाए गए सभी आयोगों और समितियों ने गुर्जरों को विमुक्त जनजाति एवं घुमंतु,अर्ध घुमंतु प्रकृति की जाति स्वीकार किया है।
उन्होंने कहा कि अब तक उपेक्षित गुर्जर समाज को न्याय दिलाने के लिए संसद के आगामी सत्र के दौरान अखण्ड गुर्जर महासभा की ओर से धरना प्रदर्शन किया जाएगा और प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन प्रस्तुत किया जाएगा।
उन्होंनेे कहा कि महासभा द्वारा जम्मू कश्मीर, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड के गुर्जरों को अनुसूचित जनजाति में आरक्षण दिए जाने तथा देश के अन्य प्रांतों में आबाद गुर्जरों को अति पिछड़ा वर्ग में आरक्षण दिए जाने की मांग करेगी। इस अवसर पर महासभा कार्यकारी अध्यक्ष प्रहलाद सिंह अवाना, प्रदेश महामंत्री मोहन लाल वर्मा और देव नारायण गुर्जर भी उपस्थित थे।
Published on:
25 Aug 2018 07:04 pm
