
फाइल फोटो- पत्रिका
जयपुर। राजस्थान में घरेलू रसोई गैस सिलेंडर की आपूर्ति को लेकर खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री सुमित गोदारा ने स्पष्ट किया है कि प्रदेश में एलपीजी आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है और उपभोक्ताओं को किसी प्रकार की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में घरेलू गैस सिलेंडरों का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और उपभोक्ताओं को बुकिंग के तीन से चार दिन के भीतर गैस सिलेंडर की आपूर्ति की जा रही है।
बुधवार को मंत्री सुमित गोदारा ने खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के अधिकारियों तथा ऑयल गैस मार्केटिंग कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक की। बैठक में उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के निर्देशानुसार विभाग अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों के बीच भी आमजन को अधिकतम राहत देने के लिए लगातार कार्य कर रहा है। उन्होंने कहा कि वैश्विक परिस्थितियों का प्रदेश में घरेलू गैस आपूर्ति पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा है और लोगों को अफवाहों पर ध्यान नहीं देना चाहिए।
मंत्री ने बताया कि हाल ही में एक समय पर बड़ी संख्या में ऑनलाइन बुकिंग होने के कारण गैस कंपनियों के सर्वर कुछ समय के लिए धीमे पड़ गए थे, लेकिन अब स्थिति सामान्य हो गई है और बुकिंग तथा डिलीवरी की प्रक्रिया सुचारू रूप से चल रही है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बिना ओटीपी और डायरी में एंट्री किए गैस सिलेंडर की आपूर्ति पूरी तरह बंद की जाए।
कुछ एजेंसियों में इस तरह के मामलों के सामने आने से असली उपभोक्ताओं को परेशानी होती है। इसलिए फर्जी बुकिंग और डाइवर्जन को रोकने के लिए सख्ती से नियमों का पालन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही गैस सिलेंडर की डिलीवरी करने वाले हॉकरों को भी डिलीवरी के दौरान अपना आईडी कार्ड पहनना अनिवार्य किया गया है।
मंत्री गोदारा ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिन क्षेत्रों में पीएनजी पाइपलाइन पहुंच चुकी है, वहां प्राथमिकता के आधार पर अधिक से अधिक उपभोक्ताओं को पीएनजी कनेक्शन दिए जाएं और लोगों को इसके लाभों के बारे में जागरूक किया जाए।
उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेशभर में गैस एजेंसियों का निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। अधिकतर एजेंसियों का निरीक्षण पूरा हो चुका है और शेष एजेंसियों का निरीक्षण अगले 24 घंटे में पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों को फील्ड विजिट कर गैस एजेंसियों का औचक निरीक्षण करने और जियो टैगिंग के साथ रिपोर्ट विभाग को भेजने को कहा गया है। निरीक्षण के दौरान दो से तीन दिन तक एजेंसियों पर रुककर बुकिंग और डिलीवरी प्रक्रिया की निगरानी करने तथा उपभोक्ताओं से बातचीत कर पारदर्शिता की स्थिति का आकलन करने के भी निर्देश दिए गए हैं।
सरकार की राज्य और जिला स्तरीय निगरानी समितियां कालाबाजारी, डाइवर्जन और अवैध भंडारण के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही हैं। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि आवश्यक वस्तु अधिनियम और एलपीजी कंट्रोल ऑर्डर की पूरी तरह पालना सुनिश्चित की जाए।
इसके अलावा सरकार ने शैक्षणिक संस्थानों, अस्पतालों और अन्नपूर्णा रसोइयों को रसोई गैस की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं, ताकि विद्यार्थियों, मरीजों और जरूरतमंद लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। साथ ही व्यावसायिक गैस की करीब 20 प्रतिशत आपूर्ति भी बहाल कर दी गई है। बैठक में विभाग के शासन सचिव अम्बरीष कुमार, अतिरिक्त खाद्य आयुक्त पूनम सागर सहित विभागीय अधिकारी और गैस कंपनियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
Updated on:
26 Mar 2026 09:34 pm
Published on:
26 Mar 2026 09:34 pm
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