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Rajasthan News: पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गिर्राज प्रसाद तिवारी का 105 वर्ष की आयु में निधन, आज अंत्येष्टि

राजस्थान के पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गिर्राज प्रसाद तिवारी का 105 वर्ष की आयु में निधन हो गया। सूचना मिलने पर राजस्थान में राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्रों में शोक की लहर दौड़ गई।
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जयपुर

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Anand Prakash Yadav

•

Updated: 3 Oct 2025, 9:53 AM IST

राजस्थान विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष दिवंगत गिर्राज प्रसाद तिवारी, फोटो पत्रिका

राजस्थान के पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गिर्राज प्रसाद तिवारी का 105 वर्ष की आयु में निधन हो गया। सूचना मिलने पर राजस्थान में राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्रों में शोक की लहर दौड़ गई। राजस्थान विधासनसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी और पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत समेत अनेक राजनीतिक हस्तियों ने इस दुखद घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने तिवारी के शानदार और संयमित जीवन और उनकी जिंदादिली की प्रशंसा की।

गिर्राज प्रसाद तिवारी का जीवन परिचय

पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गिर्राज प्रसाद तिवारी का जन्म 1920 में हुआ था और उन्होंने वकालत के क्षेत्र में अपनी विशेष पहचान बनाई। अपने लंबे सार्वजनिक जीवन में एक बार प्रधान, एक बार जिला प्रमुख, दो बार विधायक और 1985 से 1990 तक राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष के रूप में सेवाएं दी। उनके निधन पर विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक हस्तियों ने गहरी संवेदना व्यक्त की है। उनके निधन से राजस्थान ने एक अनुभवी और प्रेरणादायक व्यक्तित्व खो दिया है।

बयाना के पैतृक गांव में होगी अंत्येष्टि

राजस्थान के पूर्व विधानसभा अध्यक्ष और भरतपुर के दिग्गज नेता गिर्राज प्रसाद तिवारी का 105 वर्ष की आयु में निधन हो गया, जिससे राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्रों में शोक की लहर दौड़ गई। उनका अंतिम संस्कार आज उनके पैतृक गांव बिड्यारी, बयाना में किया जाएगा।

राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष देवनानी ने दी श्रद्धाजंलि

राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने पूर्व विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होने कहा कि गिर्राज प्रसाद तिवारी संसदीय परंपराओं के गहरे जानकार थे। वे पांचवीं और आठवीं विधानसभा के सदस्य रहे। 29 मार्च 1985 से 31 जनवरी 1986 तक राजस्थान विधानसभा के उपाध्यक्ष रहे। 31 जनवरी 1986 से 11 मार्च 1990 तक ​राजस्थान विधानसभा के अध्यक्ष पद पर रहे। राजस्थान विधानसभा की गृह समिति और विशेषाधिकारी समिति के सदस्य भी रहे।